जनवाणी संवाददाता |
खतौली: सोमवार को भाकियू तोमर के कार्यकतार्ओं ने भूमि अधिग्रहण के मुआवजा नही मिलने वाले पीड़ित किसानों के साथ गांव भैंसी में एक पंचायत की जिसमें किसानों ने एक सुर में कहा कि बिना मुआवजा मिले वो अपनी भूमि पर रेलवे को कब्जा नही देंगे चाहे इसके लिये उन्हें प्रसाशन से आर पार की लड़ाई लड़ने पड़ी। पंचायत के बाद सभी किसान तोमर कार्यकतार्ओं के साथ मंसूरपुर में चल रहे धरने में शामिल होने के लिये चले गये थे।
सोमवार को भाकियू तोमर के ब्लाक अध्यक्ष विशाल अहलावत ने गांव भैंसी में स्थित रेलवे ट्रैक पर चल रहे डीएफसीसी के कार्य को रूकवाकर किसानों की भूमि पर उन्हें कब्जा दिलवाने की चेतावनी प्रसाशन को दी थी। जिसके लिये विशाल ने गांव में भैंसी में स्थित एक मंदिर में सैकड़ों किसानों के साथ एक पंचायत की जिसमें विशाल अहलावत ने किसानों से कहा कि उनकी एक इंच भी भूमि रेलवे को बिना मुआवजे के नही दी जायेगी।
जब तक प्रसाशन किसानों को उनकी भूमि का मुआवजा नही देगा तब तक पूरे जिले में रेलवे ट्रैक पर डीएफसीसी का कार्य नही होने दिया जायेगा। विशाल अहलावत ने कहा कि किसान इस बार अपनी मुआवजे की मांग को लेकर प्रसाशन से आर पार के मुंड में है। वही पंचायत में मौजूद किसानों ने एक सुर में कहा कि अगर रेलवे उन्हें मुआवजा नही देना चाहता तो उनकी भूमि वापस कर दे। अभी किसानों का गन्ना उक्त भूमि पर खड़ा है।
जिसे जबरन नही काटा जायेगा। पंचायत के बाद सभी किसान भाकियू तोमर कार्यकतार्ओं के साथ मिलकर मंसूरपुर रेलवे स्टेशन पर चल रहे रालोद और तोमर के धरने में शामिल होने के लिये रवाना हो गये थे।
उधर, किसानों की गांव भैसी में रेलवे ट्रैक पर कब्जा करने की चेतावनी के बाद सोमवार को तीन थानों की फोर्स मीरापुर, खतौली, रतनपुरी पुलिस रेलवे ट्रैक के आस पास तैनात हो गयी थी। एसडीएम इन्द्रकांत द्विवेदी और सीओ आशीष पटेल में फोर्स के साथ ट्रैक पर केम्प करते रहे। मगर किसानों के दोपहर बाद भी रेलवे ट्रैक पर नही आने पर पुलिस प्रसाशन ने राहत की सांस ली।

