जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: पुलिस प्रशासन और आबकारी विभाग के तमाम दावे धरे के धरे रह गए। तमाम सख्ती के बाद भी जगह-जगह स्ट्रीट बार गुलजार रहे। नये साल के जश्न के नाम पर हरियाणा मार्का के ढक्कन खोले गए। जानकारों की मानें तो बंपर सेल ने अफसरों के तमाम दावों को गलत साबित कर दिया।
महानगर में तमाम स्थानों पर लोगों ने नए साल का स्वागत ठेलों, ढाबों, जून कॉर्नर, नॉन वेज कार्नर व चाय आदि के खोखों पर ढक्कन खोल कर किया। कुछ ने सुनसान स्थानों पर गाड़ी साइड में लगाकर कार में ही बार सजा लिए। कैंट में ऐसे तमाम स्थान रहे जहां कार में बार सजे हुए थे।
स्ट्रीट और कार बार के लिए सबसे ज्यादा बदनाम लालकुर्ती के चर्च रोड इलाके में पुलिस की तमाम सख्ती के बाद भी पीने व पिलाने वाले बाज नहीं आए। एएसपी के नेतृत्व में अभियान भी चलाया गया। दरअसल, इंडाना के आसपास खडे होने वाली नॉनवेज की गाड़ियों की वजह से यह इलाका अब स्ट्रीट बार के लिए खासा बदनाम हो गया है। इसकी बदनामी केवल मेरठ तक नहीं सीमित रह गयी है।
अब आसपास के जिलों से भी इंडाना एरिया में पीने पिलाने वाले पहुंचते हैं। यहां एक मिनी ट्रक नुमा गाड़ी में केवल नॉन वेज ही नहीं मिलता बल्कि पीने पिलाने का दूसरा सामान भी नॉन वेज बिक्रेता मुहैय्या करा देता है। कुछ खास ब्रांड की शराब हालांकि यह आबकारी की न होकर हरियाणा मार्का होती है वह भी मुहैय्या नॉन वेज के साथ कुछ अतिरिक्त मूल्य लेकर उपलब्ध करा दी जाती है।
इंडाना इलाके के अलावा बेगमपुल के एक बडे इलाके में स्ट्रीट बार गुलजार रहे। इनमें रजबन इलाका भी शामिल है। इसके अलावा रोडवेज बस स्टेंड पर खडेÞ होने वाले ठेलों पर भी बोतलों के ढक्कन खुले। शहर घंटाघर के जूस कार्नर व नॉनवेज के ठेलों पर भी पानी, गिलास व सोडे आदि का इंतजाम पहले से था।
इसी प्रकार महानगर के हापुड़ स्टैंड, शोहराग गेट डिपो, तेज गढ़ी चौराहा, मेडिकल के आसपास, दिल्ली रोड, मेट्रो प्लाजा चौराहे पर पान आदि की दुकानों पर भी देर रात तक लोग जाम छलकाते रहे।
टीपीनगर का ट्रांसपोर्ट एरिया में तमाम ठेलों पर खाने पीने के साथ ही पीने पिलाने का भी इंतजाम किया गया था। रेलवे रोड सिटी स्टेशन के आसपास की दुकानों में भी महफिलें सजी थीं। तमाम ऐसे इलाके हैं जहां ओपन बार में बैठे लोगों ने नए साल का स्वागत जाम छलाकर किया।

