जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: जनता दल यूनाईटेड (जदयू) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार अब बिहार के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे रहे हैं। उन्होंने खुद इस बात की पुष्टि की है और राज्यसभा का सदस्य बनने की योजना भी घोषित की है। दो दशकों से बिहार की सियासत में सक्रिय नीतीश कुमार अब दिल्ली की ओर रुख कर रहे हैं।
नीतीश का सोशल मीडिया बयान
नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया पर लिखा कि पिछले दो दशक से अधिक समय तक जनता ने उन पर विश्वास और समर्थन बनाए रखा। उसी भरोसे के बल पर उन्होंने बिहार की जनता की सेवा की और राज्य को विकास और सम्मान का नया आयाम देने में मदद की। उन्होंने अपने समर्थन के लिए जनता का आभार व्यक्त किया और कहा कि उनका यह संबंध भविष्य में भी कायम रहेगा।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि संसदीय जीवन शुरू करने के समय से ही उनकी इच्छा रही है कि वह बिहार विधान मंडल और संसद के दोनों सदनों का सदस्य बनें। इसी क्रम में वह इस बार राज्यसभा का सदस्य बनना चाह रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि नई सरकार को उनका पूरा सहयोग और मार्गदर्शन मिलेगा।
जदयू कार्यकर्ताओं में नाराजगी
नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के एलान के बाद जदयू कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखने को मिली। कार्यकर्ताओं का कहना है कि उन्होंने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में नीतीश कुमार के चेहरे पर ही वोट दिया था। उनका कहना है कि जनता ने उन्हें मुख्यमंत्री बनाया है और वह बिहार की जनता को छोड़कर कैसे दिल्ली जा सकते हैं।
पटना में सीएम हाउस के सामने जदयू कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और चेतावनी दी कि किसी भी कीमत पर उन्हें दिल्ली नहीं जाने देंगे।
ललन सिंह ने निशांत कुमार से की मुलाकात
इस बीच केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने सीएम नीतीश कुमार से बातचीत करने के बाद निशांत कुमार से मुलाकात की। बैठक में आगे की योजना, निशांत की भूमिका और चुनौतियों पर चर्चा की गई। सूत्रों के अनुसार, निशांत कुमार को डिप्टी सीएम बनाए जाने की संभावना है।



