जनवाणी ब्यूरो |
यूपी: उत्तर प्रदेश के मथुरा में गौ रक्षक के रूप में प्रसिद्ध ‘फरसा वाले बाबा’ की मौत के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। शुरुआती तौर पर आरोप लगाया गया कि गोतस्करों ने उन्हें ट्रक से कुचलकर मार दिया, जिसके बाद इलाके में आक्रोश फैल गया।
हालांकि प्रशासन की शुरुआती जांच में इसे सड़क हादसा बताया गया है। घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दोषियों की जवाबदेही तय की जाए और किसी को भी बख्शा न जाए।
प्रशासन का दावा
प्रशासन के मुताबिक, घने कोहरे के कारण पीछे से आ रहे राजस्थान नंबर के तार से भरे ट्रक ने एक कंटेनर को टक्कर मार दी। इस भीषण दुर्घटना में ‘फरसा वाले बाबा’ की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में ट्रक चालक घायल हुआ है और वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गया।
अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी भीड़, लगा जाम
बाबा का पार्थिव शरीर अजनोक गोशाला पहुंचने पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे। इस दौरान छाता-बरसाना मार्ग पर लंबा जाम लग गया और क्षेत्र में भारी भीड़ जुट गई।
ईद के दिन बवाल, पुलिस अलर्ट
इसी बीच, ईद के दिन सुबह दिल्ली-आगरा हाईवे पर जाम लगाकर पथराव और हंगामा किए जाने की घटनाएं भी सामने आईं। हालात को देखते हुए पुलिस को अलर्ट पर रखा गया है। उपद्रवियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। वहीं, घटनास्थल से छोड़ी गई कई बाइकों को जब्त कर थानों में भेजा गया है।
डीआईजी का बयान
आगरा रेंज के डीआईजी शैलाश कुमार पांडेय ने स्पष्ट किया कि गौरक्षक की मौत सड़क दुर्घटना में हुई है और इसमें किसी भी प्रकार का गोवंश शामिल नहीं था। उन्होंने बताया कि स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है और कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है।
पुलिस का कहना है कि हिंसा में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, साथ ही पूरे मामले की गहराई से जांच जारी है।



