- कमिश्नर ने जल संरक्षण के बारे में दी जानकारी
जनवाणी संवाददाता |
मवाना: तहसील अंतर्गत गांव बना एवं बहजादका में मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह ने जल उत्सव कार्यक्रम के तत्वावधान में जल संरक्षण और जल को बर्बाद न होने पर ग्रामीणों को जागरूक किया। तालाब उत्सव का शुभारंभ हवन पूजन के बाद किया। गांव में डा. भीमराव अंबेडकर पुस्तकालय कंप्यूटर भवन लाइब्रेरी का फीता काटकर उद्घाटन किया तो वही तालाब समीप अंबेडकर पार्क में पौधे लगाकर वृक्षारोपण किया।
तालाब के चारों ओर बाउंड्री जीरणोद्वार का पूजन कर शिलान्यास किया। इस दौरान तालाब की खुदाई का शुभारंभ कमिश्नर ने मिट्टी खोदकर किया। कार्यक्रम का संचालन प्रधान अजय चौधरी एवं अध्यक्षता गौतम शर्मा ने की। मुख्य अतिथि कमिश्नर सुरेंद्र कुमार के साथ डीपीआरओ रेनू श्रीवास्तव, बीडीओ अमरीश कुमार, तहसीलदार आकांक्षा जोशी, सीडीओ शशांक चौधरी, एबीएसए ध्यानचंद सिंह भी रहे।

कमिश्नर सुरेंद्र कुमार ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी गांव प्रधानों और महिला सहायता समूह की महिलाओं को जल संरक्षण और जल को बर्बाद होने से कैसे बचाया जाए, उसके बारे में बताते हुए कहा कि तालाब पुरातनकाल से ही हमारी जीवन पद्धति का महत्वपूर्ण हिस्सा रहे हैं।
तालाब जल संरक्षण की इकाई बने हुए हैं। वहीं धार्मिक अनुष्ठानों में भी तालाबों का योगदान हमेशा से रहा है। गांव से लेकर शहर तक तालाब प्रासांगकि थे और आगे भी रहेंगे। भारत के सभी तालाबों को पुनर्जीवित कर लें तो किसी हद तक देश के जल संकट का समाधान हो सकता है।
वर्तमान में गांवों के अन्दर तालाबों में गंदगी का अंबार लगना व अतिक्रमण होना बड़ी गम्भीर समस्या बनी हुई है। गांवों के तालाबों का अस्तित्व मिटने के कारण जलभराव व भूजल-प्रदूषण जैसी समस्याएं देखी जा सकती है। तालाबों के पुनर्जीवन को प्राथमिकता दिलाने के उद्देश्य से मण्डलायुक्त सुरेन्द्र सिंह द्वारा तालाब उत्सव कार्यक्रम का शुभारंभ मवाना तहसील के बहजादका गांव से शनिवार को प्रारम्भ किया।
बताया कि तालाब उत्सव कार्यक्रम के अन्तर्गत तालाबों के पुनर्जीवन का यह कार्य मेरठ मंडल के छह जनपद मेरठ, बागपत, बुलन्दशहर, गौतमबुद्धनगर, हापुड़ व बुलन्दशहर में संचालित किया गया है। प्रशासन के साथ गांव प्रधान की महत्वपूर्ण भूमिका होगी तो वहीं सामाजिक संगठन भी इसमें भागीदार बन सकेंगे।
मानसून शुरू होने से पहले दो सो तालाबों को पुनर्जीवित या नए तालाब बनाने का लक्ष्य तय किया गया है। मेरठ मण्डल में मानसून से पहले 1200 तालाबों को पुनर्जीवित किया जाना है। कार्यक्रम स्थल पर महिला सहायता समूह के द्वारा महिलाओं को गांव में रोजगार देने के लिए महिला सहायता समूह केंद्र लगाए गए हैं।
कमिश्नर सुरेंद्र कुमार ने महिला सहायता समूह केंद्रों पर बने सामान का भी निरीक्षण किया है। इस दौरान नीर फाउंडेशन के जिला संयोजक नंदी, ग्राम पंचायत सचिव वैभव कुमार, सचिव सुशील कुमार, प्रधान कैप्टन बिजेंदर फौजी, प्रधान फतेह शर्मा, प्रधान सूरजमल जाटव आदि मवाना ब्लाक के अधिकारी मौजूद रहे हैं।

