Monday, April 13, 2026
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राज्य कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, धरना दिया

  • पुरानी पेंशन बहाली, निजीकरण समाप्त करने की मांग को लेकर कलक्ट्रेट में डीएम को सौंपा ज्ञापन

जनवाणी संवाददाता |

बागपत: राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के बैनर तले कर्मचारियों ने कलक्ट्रेट में बुधवार को नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। उन्होंने प्रदेश सरकार से पुरानी पेंशन बहाल करने, निजीकरण, ठेकेदारी व्यवस्था को बंद करने सहित 17 सूत्रीय मांग को लेकर डीएम को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। साथ ही मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।

राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के बैनर तले कर्मचारी कलक्ट्रेट में पहुंचे और वहां जुलूस निकालकर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर धरना प्रदर्शन किया।

उन्होंने नई पेंशन योजना समाप्त कर पुरानी पेंशन बहाल करने, निजीकरण, आउटसोर्सिंग, ठेकेदारी व्यवस्था समाप्त करने, छठे वेतन आयोग की वेतन विसंगतियां अभी भी व्याप्त है उन्हें दूर करने, केन्द्रीय कर्मचारियों की भाँति सभी भत्ते देने, डिप्लोमा इंजीनियर की भाँति राज्य कर्मियों को सप्तम वेतनमान 4600, प्रदेश में सीधी भर्ती की आयु 40 वर्ष करने, 50 वर्ष की आयू पूर्ण कर चुके कर्मियों की जबरन सेवानिवृत्ति बंद करने, परिवहन विभाग की लंबित मांगों को पूरा करने सहित आदि मांगों को लेकर डीएम को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।

वक्ताओं ने कहा कि वह कर्मचारियों का उत्पीड़न किसी भी कीमत पर सहन नहीं करेंगे और यदि जल्द ही मांगे पूरी नहीं होती है तो वह आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेंगे।

इस मौके पर महामंत्री अतुल मिश्रा, मंडल अध्यक्ष रविकांत, मुकेश शर्मा, मुकेश गिरी, ओमबीर मलिक, संजीव शर्मा, सुशील कुमार, केएल भारती, विरेन्द्र, विक्के, जीडी मेहता, मोहित त्यागी, हारूण, ब्रिजेश, अरूण शर्मा, अनिल, महेन्द्र, राजकुमार, संदीप, आशु चौधरी रोहन, मोहित, संजय, कंवरपाल सिंह आदि मौजूद रहे।

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