
ऑस्ट्रिया के प्रसिद्ध न्यूरोलॉजिस्ट और साइकोएनालिसिस के संस्थापक सिग्मंड फ्रायड ने एक बार कहा था, शब्दों में तिलिस्म की ताकत होती है। वे या तो सबसे बड़ी खुशी ला सकते हैं या फिर सबसे घोर निराशा। आशय यह है कि शब्द साहित्य और संवाद की एक मूलभूत ईकाई के साथ-साथ लाइफ स्टाइल और लाइफ स्टेटस को काफी महती रूप से प्रभावित करता है। अंग्रेजी में शब्दों के ज्ञान की महत्व इस सत्य से जरा भी अलग नहीं है। इनसे एक्सप्रेशन आसान और फ़्लूएंट बनता है। हम जितने अधिक शब्द जानते हैं, उतनी तेजी से पढ़ पाते हैं, समझ पाते हैं, विचार कर पाते हैं और फिर और सफल हो पाते हैं। इतना ही इंग्लिश में शब्द समृद्धि या वकेब्युलरी के सामर्थ्य पर विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता निर्भर करती है। फिर एक अहम प्रश्न यह उठता है कि आखिर व्केब्यलरी को समृद्ध कैसे बनाया जाए?
नए शब्दों को सीखने के प्रति ललक
जीवन के किसी भी क्षेत्र में सक्सेस के लिए जिज्ञासा पहली शर्त है। शब्दों को सीखने के प्रति आपकी तत्परता, स्वाभाविक ललक और इच्छा ही आपकी शब्द सामर्थ्य को समृद्ध कर सकता है। आप जब शिद्दत से शब्दों को सीखना की कोशिश करेंगे तो यह कार्य बहुत ही आसान बन जाएगा। इसीलिए शब्दों के प्रति खुद में जिज्ञासा उत्पन्न करना अनिवार्य है।
विभिन्न विषयों पर पुस्तकें पढ़ें
शब्दों को जानने की दिशा में पुस्तकें पढ़ना आधी लड़ाई जीत लेने के बराबर होती है। पढ़ने से नए शब्दों को जानने और सीखने का मौका मिलता है और परिचित शब्दों पर हमारी पकड़ मजबूत होती है। कहते हैं कि यदि आप नहीं पढ़ते हैं तो आप उस व्यक्ति से कभी भी बेहतर नहीं हैं जो पढ़ना नहीं जानते। लिहाजा नियमित रूप से पढ़ें और इसे अपनी आदत में शामिल कर लें। इसके साथ ही इस बात का भी ध्यान रखें कि हमें केवल अपनी रूचि और पसंद की पुस्तकें ही नहीं पढ़नी चाहिए। इससे शब्द भंडार सीमित रह जाता है। समृद्ध शब्द शक्ति के लिए न चाहते हुए भी विभिन्न विषयों पर पुस्तकों का अध्ययन करते रहना चाहिए।
जब भी कोई पुस्तक या न्यूजपेपर पढ़ें तो इन बातों का अवश्य ध्यान रखें-
- आपके पास एक अच्छा नोट बुक और पेन रखें।
- पढ़ते समय कठिन शब्दों को नजरंदाज नहीं करें। उन शब्दों को नोट बुक में लिख लें और बाद में किसी डिक्शनरी में उनके अर्थ पता करें।
- किसी कठिन शब्द का अर्थ नहीं जानने पर निराश नहीं हों। पढ़ना बंद नहीं कर दें, बल्कि यह सोचें कि पढ़ने की वजह से आपको नए शब्दों को सीखने का मौका मिला।
अच्छी क्वालिटी की डिक्शनरी रखें
डिक्शनरी या शब्दकोश को शब्दों का व्याकरण कहा जाता है। यह शब्दों का अथाह सागर होता है जिसमें आप जितनी गहराई में जाएंगे, उतनी मुट्ठी भर शब्दों की मोतियों के साथ बाहर आएंगे। इसीलिए आपके पास अच्छी क्वालिटी की डिक्शनरी होना जरूरी है।
डिक्शनरी पढ़ना भी एक कला है
डिक्शनरी शब्दों का व्याकरण और संविधान होता है। यही कारण है कि हमें डिक्शनरी को भी सही ढंग से पढ़ने की कला आनी चाहिए। जब भी आप किसी कठिन शब्द का अर्थ जानने के लिए डिक्शनरी कंसल्ट करते हैं तो निम्न बातों का भी अवश्य ध्यान रखें।
- डिक्शनरी में एक शब्द के कई अर्थ होते हैं। इनमें सबसे आसान और प्रैक्टिकल अर्थ को तलाश करें। उसको जानिए। इससे ये शब्द आसानी से लंबे समय के लिए याद रहेंगे।
- डिक्शनरी में किसी विशेष शब्द से रिलेटेड निम्न जानकारियों को भी प्राप्त करें।
- समान अर्थ वाले शब्द (सिननिम्स)
- विपरीत अर्थ वाले शब्द (एंटनिम्स)
- फ्रेजल वर्ब्स
- लोकोक्तियां
- मुहावरे
- विदेशी शब्द
- शब्दों के उच्चारण, लिंग, वचन (सिंग्लुअर और प्लूरल), ओरिजिन
- शब्द यदि क्रिया है तो उसके पास्ट टेंस और पास्ट पार्टिसिपल रूप
डायरी लिखने की आदत डालें
जर्मनी की प्रसिद्ध डायरी लेखिका ऐनी फ्रैंक की विश्व चर्चित डायरी ‘द डायरी आॅफ ए यंग गर्ल’ के बारे में कौन नहीं जानता है? साहित्य की सभी विधाओं में लेखन की विधा काफी कठिन मानी जाती है, क्योंकि भावों को अभिव्यक्त करने के लिए उपयुक्त शब्दों का ज्ञान अनिवार्य होता है। लेकिन डायरी राइटिंग से लिखने की कला का आसानी से विकास किया जा सकता है।
अपने जीवन की दिन भर के कार्यों को आप सोने के समय या किसी अन्य उपयुक्त समय में डायरी के रूप में मेन्टेन कर सकते हैं। इस प्रकार के लेखन के कार्य से शब्द हमारी मेमोरी में स्थायी रूप से अपनी जगह बना लेते है। डायरी लेखन में सीखे गए नए शब्दों का भी प्रयोग कर सकते हैं, जो अंतत: आपके वर्ड पावर को बढ़ाने में काफी सहायता मिलती है।
कभी नहीं भूलें-
- प्रत्येक दिन कम-से-कम 5 नए शब्दों को सीखने की योजना बनाएं। वैसे यह कोई नियम नहीं है, लेकिन नए शब्दों को सीखने की दिशा में इस तरह से टारगेट फिक्स करने से काम आसान हो जाता है।
- कठिन शब्दों के संग्रह करने की आदत डालें और उन शब्दों की एक नोट बुक बना लें। नियमित रूप से इस नोट बुक के शब्दों को दुहराते रहें।
- उपयोग में आने वाले शब्दों को ही सीखें। डिक्शनरी शब्दों का सागर होता है। इसमें सभी शब्दों को सीखना न तो मुमकिन है और न ही यह व्यावहारिक कार्य है। वैसे शब्दों को ही सीखें और अपने नोट बुक में लिखें जो हमारे लिए रिफरेन्स के रूप में यूज हो सकते हैं।
- न्यूजपेपर्स और मैगजीन्स में रेगुलरली क्रॉसवर्ड्स को सॉल्व करते रहें। यह शब्द सामर्थ्य को समृद्ध करने में काफी मदद करता है।
- शब्दों में ज्ञान कैप्सूल के रूप में भरे होते हैं। शब्द महज भाषा और साहित्य के बेसिक यूनिट्स ही नहीं होते हैं।
श्रीप्रकाशशर्मा


