जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: राजस्थान सरकार की नाक के नीचे एक महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम देने की खबर मिली है। बताया गया कि बीती रात हैवानों ने एक महिला को अगवा कर खंडहर में ले गए। इसके बाद उस महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। महिला किसी तरह सड़क तक पहुंची और मदद की गुहार लगाने लगी मगर, उसे पागल समझकर बात करना भी किसी ने मुनासिब नहीं समझा। किसी एक राहगीर ने महिला के रूककर उसके दर्द को साझा किया और फिर पुलिस को सूचना दी।
जानकारी के अनुसार भीलवाड़ा जिले के गंगापुर थाना क्षेत्र की महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया। महिला का आरोप है कि वो खाना खाने के बाद टहलने निकली थी इसी दौरान उसे अगवा कर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया। उसके शरीर को नोचा गया। इतना ही नहीं आरोपी उसके कपड़े तक ले गए। महिला का कहना है कि निर्वस्त्र हालत में वो सड़क पर जाकर लोगों से मदद मांगने लगी। सब उसे पागल समझ रहे थे। एक व्यक्ति ने उसकी आपबीती सुनी और फिर पुलिस को सूचना दी।
वहीं, पुलिस का कहना है कि अपहरणकर्ता नशे में थे। घटनास्थल से पुलिस को आपत्तिजनक सामग्री भी मिली है, जिसे जब्त कर लिया गया है। गंगापुर पुलिस उप अधीक्षक लाबूराम बिश्नोई का कहना है कि पुलिस को सूचना मिली उसके बाद महिला को अस्पताल में मेडिकल के लिए लाया गया। पीड़िता की रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। FSL टीम ने घटना स्थल से सबूत एकत्र किए हैं। टीम को मौके पर महिला की टूटी हुई चूड़ियां भी मिली हैं।
पुलिस ने कहा- सामूहिक दुष्कर्म की घटना झूठी
भीलवाड़ा के मामले में एक और नया एंगल देखना को मिला है। इस को लेकर पुलिस ने बयान जारी किया है। उसमें कहा है कि थाना गंगापुर में महिला के अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म की घटना पाई गई है। महिला अपनी मर्जी से आरोपियों के साथ थी। झामपुरा चौराहा के पास आमली रोड पर निर्वस्त्र औरत के चिल्लाने की सूचना 9 सितम्बर की रात 8:40 पर मिली। प्राथमिक जानकारी में महिला का किडनैप और एक खंडहर बिल्डिंग में उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म करने की घटना सामने आई। उसके बाद टीम पीड़िता को मेडिकल करने के लिए अस्पताल ले गई। जहां मौके पर FSL की टीम भी बुलाई गई। घटना स्थल से पीड़िता का मोबाइल, जिसमें आरोपियों से हुई वॉइस रिकॉर्डिंग भी मिली, जिसके बाद पूरी गहन जांच के बाद सही घटना की जानकारी मिली।
पुलिस ने बयान को सिलसिलेवार समझिए
पुलिस के द्वारा जारी किए बयान में कहा गया कि उड़ीसा निवासी 25 साल पीड़िता की शादी 50 साल के विकलांग के साथ हुई। करीब छह साल पहले यह शादी एक दलाल के माध्यम से हुई थी। इस घटना के बार में पुलिस बयान में लिखा है कि छोटू सरगरा निवासी आमली गंगापुर ने 7 बजे से 7.51 PM तक पीड़िता से मोबाइल पर बात कर आने के लिए कहा, रुपये को लेकर भी बात तय हुई। छोटू बाइक पर पीड़िता को बैठाकर लाया और रास्ते में गिरधारी भी उसी बाइक पर पीछे बैठ गया। दोनों ने उसे आमली रोड किनारे बने खण्डहर में ले जाकर बारी-बारी से शारीरिक संबंध बनाए। बताया जा रहा है कि गिरधारी पीड़िता का पूर्व परिचित है। उसे रात भर रखने की जिद करने से डर कर निर्वस्त्र ही पीड़िता भागकर सड़क के किनारे आयी थी। राहगीरों ने शाल देकर थाने फोन किया। वहीं, पुलिस ने बताया कि महिला ने आरम्भ में पति के डर से गलत तथ्य बताए थे। मौके से भागे दोनों आरोपियों को पुलिस ने डिटेन कर लिया है।

