- होम आइसोलेशन में रह रहे व्यक्तियों से वार्ता कर जाना उनका हाल
- कोरोना के विभिन्न अस्पतालों की सीसीटीवी कैमरों से करें मॉनिटरिंग
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: डीएम ने आज एनआईसी स्थित इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का निरीक्षण किया। कमांड सेंटर सरकार की अपेक्षाओं पर खरा उतरे। उन्होंने होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों से सुबह व शाम वार्ता कर उनका हाल जानने के लिए कहा तथा लक्षण परिलक्षित होने पर अस्पताल में भर्ती कराने के निर्देश दिये।
उन्होंने सीसीटीवी कैमरों से कोरोना मरीजों के लिए बनाये गये अस्पतालों की मॉनिटरिंग करने के निर्देश भी दिये साथ ही कंट्रोल रूम में दिन व रात कार्य कर रहे अधिकारियों व कर्मचारियों की प्रशंसा भी की।
डीएम के. बालाजी ने कहा कि विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कोरोना महामारी का इलाज करा रहे मरीजों से सुबह व शाम अस्पतालों मे दिये जा रहे उपचार, भोजन व सुविधाओं की जानकारी प्राप्त कर फीडबैक लिया जाये तथा कहीं कमी मिलने पर उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जाये।
मरीजों की टेस्ट रिपोर्ट धनात्मक मिलने पर उसको कम से कम समय में सुविधापूर्ण ढग से अस्पताल में भर्ती कराया जाये तथा ये भी सुनिश्चित किया जाये कि मरीज को अस्पताल में प्रवेश के बाद भर्ती होने में ज्यादा समय न लगे। उन्होंने रेपिड रिस्पांस टीम के भी बराबर संपर्क में रहने के लिए कहा।
फैसीलिटी इंचार्ज डा. सुधीर कुमार ने बताया कि होम आइसोलेशन में 794 व्यक्ति है तथा 853 मरीज विभिन्न अस्पतालों में भर्ती है। कंट्रोल रूम से नियमित फीडबैक लिया जा रहा है।
सीसीटीवी कैमरों से अस्पतालों की मॉनिटरिंग की जा रही है तथा होम आइसोलेशन में रह रहे व्यक्तियों से भी सुबह व शाम वार्ता की जाती है। इस अवसर पर अपर डीएम वित्त सुभाष चन्द्र प्रजापति सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
डीएम ने देखी सुभारती की कोरोना टेस्ट लैब

कोरोना महामारी के प्रभावी नियंत्रण के लिए जनपद स्तर पर प्रभावी कदम उठाये जा रहे हैं। जहां एक ओर टेस्टिंग बढ़ायी गयी है। वहीं, दूसरी ओर वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा नियमित बैठके व निरीक्षण किये जा रहे हैं। साथ ही सर्विलांस भी बढ़ाया गया है।
इसी क्रम में डीएम ने आज सुभारती अस्पताल का निरीक्षण कर वहां चिकित्सा अधीक्षक के साथ बैठक की तथा आरटीपीसीआर लैब का निरीक्षण किया। डीएम ने भर्ती कोरोना मरीजों से फोन पर उनका हाल भी जाना।
डीएम के. बालाजी ने चिकित्सा अधीक्षक से कहा कि अस्पताल में आईसीयू बेड की संख्या बढ़ायी जाये। कहा कि कोरोना महामारी से पीड़ित भर्ती मरीजों को अच्छा उपचार व भोजन मिले ये सुनिश्चित किया जाये। उन्होंने भर्ती कोरोना मरीजो से फोन पर उनका हाल भी जाना।
डीएम ने सुभारती अस्पताल द्वारा कोरोना महामारी जांच में बनायी गयी आरटीपीसीआर कोरोना लैब का निरीक्षण भी किया। सुभारती अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डा. जेपी सिंह ने कहा कि सुभारती अस्पताल में 10 दिनों में आईसीयू बेडों की संख्या को 20 से बढ़ाकर 45 कर दिया जायेगा।
पूर्व में कोरोना महामारी की जांच के लिए सैम्पल ही लिये जाते थे अब टेस्टिंग के लिए आरटीपीसीआर लैब सुभारती अस्पताल में स्थापित कर दी गयी है।
वर्तमान में 139 कोरोना मरीज अस्पताल में भर्ती है तथा 34 कोरोना मरीज प्राइवेट वार्ड में भर्ती है। सुभारती अस्पताल में आइसोलेशन के 380 बेड में से 45 आक्सीजन फैसीलिटी वाले बेड है। उन्होने बताया कि सुभारती अस्पताल में कोरोना मरीजों के इलाज के लिए 40 प्राइवेट बेड बनाये गये हैं, जिसमें से पांच आईसीयू बेड है। जिसमें वर्तमान में कुल 34 कोरोना मरीज प्राइवेट वार्ड में भर्ती है।
भर्ती मरीजों को अच्छा भोजन व उपचार मिले ये सुनिश्चित किया जा रहा है। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. राजकुमार, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. एसके शर्मा सहित अन्य चिकित्सक व अधिकारी उपस्थित रहे।

