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देर रात बिजनौर बैराज से डिस्चार्ज बढ़कर हुआ 3 लाख 88 हजार क्यूसेक
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बाढ़ को लेकर प्रशासन का अलर्ट जारी
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कई स्कूलों में बाढ़ के पानी के बीच हुआ ध्वजारोहण
जनवाणी संवाददाता |
मवाना: महीने भर से बाढ़ का कहर से खादर वासियों को राहत मिलती नजर नहीं आ रही है। सोमवार दिन रात बिजनौर बैराज से गंगा नदी में चल रहा डिस्चार्ज बढ़कर 3 लाख 88 हजार क्यूसेक हो गया जो खतरे के निशान से काफी ऊपर है।
गंगा के रौद्र रूप के चलते मुख्य मार्गों पर आवागमन बाधित होने के साथ कई गांव बाढ़ की चपेट में है। प्रशासन द्वारा लगातार राहत और बचाव के कार्य किए जा रहे हैं।

बता दें कि खादर से होकर गुजरने वाली गंगा और सोती नदी ने पिछले 1 महीने से रौद्र रूप धारण किया है जिसके चलते ग्रामीणों को अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ रहा है। लगभग 1 महीने पूर्व तटबंध धराशाई होने से बाढ़ ने विकराल रूप धारण कर कई गांवों को चपेट में ले लिया था।
पिछले चार दिनों से गंगा जल स्तर में लगातार कमी हो रही थी, लेकिन सोमवार दिन रात बिजनौर बैराज के साथ भीमगोड़ा हरिद्वार बैराज से जलस्तर में हुई वृद्धि से गंगा खतरे के निशान से ऊपर बहने लगी। गंगा के विकराल रूप के चलते हस्तिनापुर रामराज और मखदूमपुर मार्ग पर 3 से 4 फुट पानी भरा होने के चलते आवागमन में भारी दिक्कतें हो रही हैं।
बिजनौर बैराज पर तैनात जेई पीयूष कुमार के अनुसार सोमवार को बिजनौर बैराज से गंगा नदी में चल रहा डिस्चार्ज बढ़कर 3 लाख 88 हजार क्यूसेक हो गया। वहीं हरिद्वार भीमगोड़ा बैराज से भी डिस्चार्ज में वृद्धि हुई और बढ़कर 3 लाख 77 हजार क्यूसेक हो गया जिसके चलते गंगा नदी खतरे के निशान से लगभग एक मीटर ऊपर बह रही है।


