- जिलाधिकारी ने दो अन्य लेखपालों की जांच एसडीएम को सौंपी
- किसान ने लेखपालों पर लगाया था मुआवजे में अड़चन के आरोप
जनवाणी संवाददाता |
थानाभवन/शामली: दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे पर टोल टैक्स को लेकर अधिग्रहण की गई किसान की दो करोड़ की भूमि के मुआवजों को लेखपालों ने किसान को उलझाकर रख दिया। एक लेखपाल का रिश्वत के पैसे लेते हुए वीडिया वायरल होने पर जिलाधिकारी ने उस लेखपाल को निलंबित कर दिया जबकि दो अन्य लेखपालों की जांच उपजिलाधिकारी को सौंप दी है।
आरोपी लेखपाल तहसीलदार तक भी जिम्मेदारी लेता दिखाई पड़ रहा है। मंगलवार को 02.12 मिनट की एक वीडियो वायरल हुई जिससे देखकर लेखपालों समेत प्रशासनिक अधिकारियों-कर्मचारियों के होश उड़ गए। इस वीडियो में हाइवे पर अधिग्रहीत किसान की भूमि के मुआवजा दिलवाने के नाम पर लेखपाल रिश्वत लेते नजर आ रहा है।
दरअसल, दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे पर बनने वाले टोल प्लाजा में थानाभवन क्षेत्र के अंबेहटा याकूबपुर निवासी एक किसान की 4 बीघा जमीन हाईवे अथॉरिटी ने 2019 में अधिग्रहण कर ली थी। किसान को जमीन, पेड़ और उसकी खेत पर बनाए गए निर्माण की एवज में करीब दो करोड़ रुपए का मुआवजा मिलना था लेकिन आरोप है कि राजस्व विभाग ने अपना ऐसा चक्कर चलाया की किसान आज तक मुआवजे की रकम के लिए डेढ़ साल से भटक रहे हैं।
वहीं मंगलवार को वायरल वीडियो में एक लेखपाल मुआवजा दिलाने के नाम पर किसान से रिश्वत की मांग खुले तौर पर कर रहा है। वीडियो में लेखपाल अपने तहसीलदार तक भी रकम पहुंचाने और नहीं देने पर काम में पहले की तरह रुकावट डालने की धमकी दे रहा है।
यह वायरल वीडियो थानाभवन क्षेत्र के जलालाबाद में तैनात लेखपाल का है। वहीं पीड़ित किसान ने बताया कि उन्होंने लगभग साढे 4 बीघा जमीन दभेडी निवासी सूबेसिंह से खरीदी थी जबकि सूबेसिंह से ही जौहर सिंह ने भी बाकी बची तीन बीघा जमीन खरीदी थी।
सूबे सिंह की कुल जमीन साढ़े सात बीघा थी। किसान ने आरोप लगाया कि लेखपाल ने उन्हें बिना बताए जौहर सिंह से साज खाकर जौहर की खतौनी तो पूरी तरह क्लियर कर दी लेकिन उसकी खतौनी में उसने सूबेसिंह के पुत्रों का नाम चढ़ाया। जिससे उसे मिलने वाले मुआवजे में रुकावट पैदा हो गई।
इस दौरान दो लेखपालों का तबादला हो गया लेकिन तबादलों के बाद भी रिश्वतखोरी का खेल खत्म नहीं हुआ। किसान ने बताया कि उक्त लेखपाल अब उसे धमकी दे रहा है बिना पैसा दिए उसका काम नहीं होगा। वायरल वीडियो में लेखपाल किसान से रिश्वत के पैसा लेता दिख रहा है। दूसरी ओर लेखपाल के रिश्वत मांगने के वायरल हुए वीडियो के बाद डीएम ने आरोपी लेखपाल को निलंबित कर दिया है वहीं दो अन्य लेखपालों के खिलाफ एसडीएम को जांच के निर्देश दिए हैं।
एक वायरल वीडियो में लेखपाल नफीस किसी काम को कराने के लिए रुपयों की मांग कर रहा है और उन्होंने किसान से कुछ पैसे लिए भी हैं। जिसके बाद तत्काल प्रभाव से लेखपाल को निलंबित कर दिया गया और रजिस्ट्रार कार्यालय से संबध कर दिया। वहीं तहसीलदार को जांच सौंपी गई है। -संदीप कुमार, एसडीएम शामली।