जनवाणी संवाददाता |
रोहटा: शुक्रवार को जनता इंटर कॉलेज कल्याणपुर मेरठ में भारतीय थल सेना दिवस के अवसर पर एक संगोष्ठी कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसकी अध्यक्षता प्रधानाचार्य डॉ.जयभगवान सिंह ने की। सभा को सम्बोधित करते हुए छात्र राहुल कुमार ने बताया कि 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में फील्ड मार्शल मानेकशॉ ने भारत को विजय दिलाई। कुं.यशी शर्मा ने कहा कि हमें भारतीय सेना का सम्मान करना चाहिए, उन्हीं के नेतृत्व में 1971 का युद्ध जीता गया।
भारत की सेना सीमाओं की रक्षा करते हुए अपने प्राणों की आहुति दे देते हैं वे माताये धन्य है जिन की कोख से ऐसे भारतीय वीरों का जन्म हुआ हम उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित कर सैल्यूट करते हैं। प्रधानाचार्य डॉ.जयभगवान सिंह ने बताया कि के एम करिअप्पा भारतीय सैनिकों की वकालत करते थे वे सेकंड लेफ्टिनेंट से लेफ्टिनेंट, मेजर जनरल व 1942 में एक्टिव लेफ्टिनेंट जनरल बनाए गए। वह बराबर भारतीय सैनिकों की सुविधा के लिए ब्रिटिश जनरल को चिट्ठी लिखते थे।
15 अगस्त सन् 1947 में भारत को आजादी मिली तभी एक माह बाद सितंबर में पाकिस्तानी सेना ने कव्वालियों के साथ मिलकर के कश्मीर पर आक्रमण कर दिया इस संघर्ष में भारतीय सैनिकों ने जोजिला द्रास सेक्टर व कारगिल को अपने कब्जे में ले लिया। केएम करिअप्पा 15 जनवरी 1949 को पहले भारतीय सेना थल सेना प्रमुख बने उनके नेतृत्व में 1962, 1965, 1971 के युद्ध में भारतीय सेना ने अद्भुत साहस, शौर्य व पराक्रम के बल पर भारत को विजय दिलाई।
सन् 1986 में केएम करिअप्पा को फील्ड मार्शल बनाया गया उन्हीं का बेटा नंदा एयर चीफ मार्शल बनाया गया ।भारतीय सैनिक इतिहास में मानेकशॉ व केएम करिअप्पा दोनों ने भारतीय सेना के चीफ फील्ड मार्शल पद को सुशोभित किया। मंच का संचालन हेम सिंह वर्मा ने किया। छात्र-छात्राओं में राहुल, यशी, पायल, सौरभ आदि ने प्रतिभाग किया। तथा शिक्षकों में मनोज कुमार, रविंद्र नाथ यादव, विनोद कौशिक, महेंद्र, रिकंल आदि का विशेष सहयोग रहा।

