जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: कोलकाता के एक नामी लॉ कॉलेज में एक छात्रा के साथ कथित गैंगरेप की घटना ने शहर के शिक्षा जगत और राजनीतिक गलियारों में सनसनी फैला दी है। कस्बा थाना पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए कॉलेज से जुड़े तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक पूर्व छात्र और दो कर्मचारी शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार, मुख्य आरोपी स्टूडेंट यूनियन से जुड़ा रहा है और उसका संबंध सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) से भी बताया जा रहा है।
25 जून की रात हुई वारदात
पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि 25 जून की शाम करीब 7:30 बजे से रात 10:50 बजे तक कॉलेज परिसर के भीतर उसके साथ गैंगरेप किया गया। पीड़िता के मुताबिक, आरोपियों ने उसे कॉलेज बुलाया और जनरल सेक्रेटरी पद का लालच दिया। विरोध करने पर उसे धमकाया गया और उसके बॉयफ्रेंड की हत्या की धमकी भी दी गई। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर तुरंत जांच शुरू की और 48 घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
राजनीतिक कनेक्शन पर बवाल
गिरफ्तार आरोपियों में से एक के TMC का स्थानीय नेता होने की खबर ने मामले को और संवेदनशील बना दिया है। आरोप है कि उसका कॉलेज परिसर और आसपास के क्षेत्रों में काफी प्रभाव रहा है।
TMC छात्र परिषद ने ली दूरी
तृणमूल छात्र परिषद के प्रदेश अध्यक्ष त्रिनंकुर भट्टाचार्य ने बयान दिया है, “अगर यह आरोप सही है, तो आरोपी चाहे कोई भी हो, वह अपराधी है। पार्टी का कोई पदाधिकारी अगर इस घिनौने अपराध में शामिल पाया गया, तो उसे बख्शा नहीं जाएगा।”
BJP ने साधा निशाना
बीजेपी ने इस मामले को लेकर TMC पर सीधा हमला बोला है। बीजेपी नेता समिक भट्टाचार्य ने कहा, “यह मामला दिखाता है कि किस तरह कॉलेजों में TMC से जुड़े लोग दबदबा बनाकर अपराधों को अंजाम दे रहे हैं।”
जांच जारी, कॉलेज प्रशासन पर भी सवाल
इस घटना ने कॉलेज प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर यह देखते हुए कि कॉलेज सामान्यतः शाम 5 बजे बंद हो जाता है।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इतने लंबे समय तक कॉलेज परिसर खुला कैसे रहा और क्या इसमें कॉलेज प्रबंधन की कोई भूमिका रही।

