जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: साउथ के सुपरस्टार और यशस्वी पिता राजकुमार के बेटे पुनीत की हार्टअटैक से मौत ने एक बार फिर रोजमर्रा की रोबोटनुमा जिंदगी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। महज 46 साल के पुनीत को वर्कआउट के दौरान ही हार्टअटैक आया और वह जिंदगी की जंग हार बैठे।
पिछले कुछ वर्षों में बुजुर्गों के मुकाबले युवाओं में हृदयघात की समस्या के मामले 20 फीसद तक बढ़े हैं। अन्य लोगों की तरह युवाओं में भी हार्टअटैक के लिए ब्लड प्रेशर, शुगर, मोटापा, कोलेस्ट्रोल का बढ़ना मुख्य कारण है। अत्यधिक व्यायाम, जिम और बाडी बिल्डिग की होड़ और सप्लीमेंट आदि का सेवन भी हार्ट की बीमारियों को बढ़ावा दे रहा है।

भारत में दिल की बीमारियां विकराल रूप धारण कर रही हैं। दिल की बीमारी के कारण हर 15 सेकेंड में एक व्यक्ति की जान चली जाती है। उन्होंने सावधानी बरतने की सलाह देते हुए बताया कि अत्यधिक व्यायाम तथा गलत तरीके से बॉडी बिल्डिग से भी हृदयाघात का खतरा बढ़ जाता है।
सर्दियों में कई बीमारियां बढ़ जाती हैं खासतौर से हार्ट अटैक का खतरा इस मौसम में ज्यादा होता है। शोध में पता चला है कि ठंड के मौसम में दिल के दौरे अधिक हो रहे हैं।
खान-पान का भी रखना होगा ठीक से ख्याल
चिकित्सकों की माने तो जंक फूड दिल के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। आम तौर पर जंक फूड ज्यादा खाने के कारण दिल कमजोर हो सकता है। हालांकि इन दिनों युवाओं में फास्ट फूड के प्रति रुझान काफी बढ़ा हुआ है।
हृदय की नलियां जब धीरे-धीरे सिकुड़ जाती है और उनमें कोलेस्ट्राल जमा होता है। इसके कारण हार्ट अटैक आता है। अचानक हार्ट अटैक आना भी सामान्य है। कई बार बैचेनी होने, सांस फूलने, अत्यधिक पसीना आने धड़कनों के अनियंत्रित रुप से बढ़ने के कारण हार्ट अटैक आता है।
ज्यादा वजन उठाना खतरनाक
युवा कलाकारों की मौत के बाद फिटनेस के तरीको पर भी सवाल उठने लगे हैं। जिम में जरूरत से ज्यादा मेहनत करने वालों पर भी हार्ट अटैक का खतरा है। ज्यादा वजन उठाने पर दिल की नसों में क्रैक आ सकता है। वहीं, हाई स्टेरॉइड से भी खून में गाढ़ापन आ जाता है।
जिससे दिल के स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ता है। ऐसे में एनाबोलिक स्टेरायड व खराब प्रोटीन पाउडर से दूर रहें। घबराहट व सांस फूलने पर ईको कराएं। जिम ट्रेनर मुकीम ने बताया कि टेÑनिंग सिर्फ अच्छे ट्रेनर की सलाह से ही करें। ज्यादा स्टेरॉइड या पाउडर भी सेहत पर प्रभाव डाल सकते हैं।
सीने में जकड़न हो तो डॉक्टर के पास जाएं
हृदय रोग विशेषज्ञ डा. ममतेश गुप्ता ने बताया कि कई सारे केस में मरीज को अचानक अटैक आता है। इसमें वंशानुगत कारण भी होते हैं। यदि परिवार में पहले किसी को हार्ट अटैक आया है तो सतर्क रहना कई लोग हृदय रोग संबंधित लक्षणों को पहचान नहीं पाते हैं और नजरअंदाज करते हैं।

सीने में दर्द है, सांस फूल रही है, धड़कनें महसूस हो रही हैं और अत्यधिक पसीना आ रहा है तो हृदयाघात का लक्षण हो सकता है। कई लोग सीने में चींटी काटने या सूई की चुभन की शिकायत करते हैं, जबकि ऐसा नहीं होता है। हार्ट अटैक में सीने के बीच में दर्द होता है और कई बार यह कंधे, गले और पीठ तक भी जा सकता है।

