Monday, April 6, 2026
- Advertisement -

पिटबुल कुत्ते के हमले में दूसरे दिन भी कार्रवाई नहीं

  • घायल किशोर का चल रहा मेरठ अस्पताल में इलाज
  • प्रतिबंध के बाद प्रशासन की नहीं खुली नींद, डीएम ने दिये कार्रवाई के निर्देश
  • घायल परिवार को इलाज के नाम पर खरीदा, जनता ने उठाई कार्रवाई की मांग

जनवाणी संवाददाता |

मवाना: प्रतिंधित पिटबुल कुत्ते के हमले में घायल किशोर के मामले में दूसरे दिन भी कार्रवाई अमल में नहीं लायी गई है। स्थानीय प्रशासन पीड़ित पक्ष तहरीर आने का इंतजार कर रहा है। बता दें कि शनिवार नगर में चितरंजन राणा के कुत्ते ने की दुकानों में मिस्त्री की दुकान पर काम सीख रहे फरीद कालोनी निवासी सालिम पुत्र दिलशाद को हमला करके गंभीर घायल कर दिया था। जिसे बामुश्किल लोगों कुत्ते के जबड़े में पेचकस डालकर छुड़ाया था।

इस दौरान मालिक का बेटा सौरभ भी कुत्ते के हमले में घायल हो गया था। घायल को नगर में चिकित्सक के ये ले जाया गया था, लेकिन चिकित्सक ने उसे दिल्ली के लिए रेफर कर दिया था, लेकिन परिजन उसे मेरठ के आनंद अस्पताल में भर्ती कराया दिया था, जहां उसका उपचार चल रहा है।

41 3

मामले में स्थानीय प्रशासन घटना के दूसरे दिन भी प्रतिबंधित कुत्ता पालने किे मामले में कोई कार्रवाई करने को तैयार नहीं है। डीएम ने भी इस मामले में एसडीएम को कार्रवाई के निर्देश दिए थे। उधर, एसडीएम अखिलेश यादव का कहना है कि पीड़ित पक्ष की ओर से मामले में तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलती है तो अवश्य ही कार्रवाई करायी जाएगी।

पिटबुल मालिक के घर में सुरक्षित, रसूखदारी की धमक

खतरनाक प्रजाति में शामिल पिटबुल डोगी ने भले ही किशोर पर जानलेवा हमला बोल कर गंभीर रूप से घायल कर दिया हो लेकिन पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों ने तहरीर नहीं आने हवाला देते हुए कार्रवाई से इंकार कर दिया है। पिटबुल के मालिक ने अपनी रसूखदारी दिखाते हुए घायल किशोर का इलाज कराने के नाम परिवार को किसी भी कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए खरीद लिया है।

जिसके चलते पुलिस प्रशासनिक अधिकारी किसी भी प्रकार की तहरीर नहीं आने हवाला देते हुए कार्रवाई से बचती नजर आ रहे हैं। हालांकि डीएम दीपक मीणा ने पिटबुल पर प्रतिबंध होने के बाद एक टीम का गठन कर कार्रवाई के आदेश जारी किए हैं। पिटबुल द्वारा किशोर सालिम पर जानलेवा हमला बोल घायल करने का मामला मीडिया में आने के बाद पिटबुल के मालिक चित्तरंजन राणा ने कार्रवाई से बचने के लिए घायल परिवार पर अपनी रसूखदारी दिखाते हुए इलाज में खर्च होने वाली रकम से जुबान चुप कर दी।

जिसके चलते घायल परिवार के सदस्यों ने किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई से इंकार कर दिया। एसडीएम अखिलेश यादव ने बताया कि पीड़ित की तहरीर नहीं आने का हवाला देते हुए कार्रवाई से मनाकर दिया, लेकिन डीएम दीपक मीणा ने नगरपालिका ईओ सुनील कुमार एवं एसडीएम अखिलेश यादव के नेतृत्व में टीम गठित कर पिटबुल के मालिक समेत अवैध रूप से पालन करने वाले प्रतिबंधित कुत्ते पिटबुल को कब्जे में लेने के आदेश दिए हैं।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

Subashini: तमिल टीवी अभिनेत्री सुभाषिनी ने की आत्महत्या, पारिवारिक विवाद बना वजह

नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत...

LPG Crisis: गैस सिलिंडर नहीं मिलेगा! 1 जुलाई से इन घरों में एलपीजी आपूर्ति बंद

जनवाणी ब्यूरो | यूपी: पाइप्ड नैचुरल गैस (पीएनजी) उपयोग करने...

Share Market: लाल निशान में खुला बाजार, सेंसेक्स 510 अंक गिरा और निफ्टी 22,600 से नीचे

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में युद्ध बढ़ने...
spot_imgspot_img