जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर निशाना साधते हुए मनरेगा बचाओ मोर्चा अभियान में कहा कि मनरेगा के तहत गरीबों को काम करने का अधिकार मिला था, लेकिन अब भाजपा इसे खत्म करना चाहती है। उन्होंने मनरेगा के मुद्दे पर सरकार की तुलना किसानों के खिलाफ लड़े गए तीन कृषि कानूनों से की।
क्या बोले राहुल गांधी?
राहुल गांधी ने कहा कि सरकार मजदूरों के साथ वही करने की कोशिश कर रही है जो उसने किसानों के साथ किया था। कुछ साल पहले किसानों ने भाजपा की नीतियों के खिलाफ आवाज उठाई और दबाव डालकर उन्हें रोक दिया। अब वही हमला मजदूरों पर किया जा रहा है। भाजपा एक ऐसा भारत चाहती है, जहां केवल एक व्यक्ति ही सबकुछ तय करे।
राहुल गांधी के दावे
केंद्र सरकार तय करेगी कि किस राज्य को कितना पैसा मिलेगा, जिससे भाजपा शासित राज्यों को फायदा होगा और विपक्षी राज्यों को कम पैसा।
मजदूरों को मिलने वाले अधिकार अब ठेकेदारों को मिलेंगे।
भाजपा का उद्देश्य देश का धन और संपत्ति कुछ चुने हुए हाथों में केंद्रीकृत करना है।
अमीरों के हाथ में धन जाकर गरीब, दलित और आदिवासी लोगों की निर्भरता बढ़े।
भाजपा पर लोकतंत्र खतरे का आरोप
राहुल गांधी ने कहा कि भाजपा देश से लोकतंत्र, संविधान और एक व्यक्ति-एक वोट की अवधारणा खत्म करना चाहती है। उनका लक्ष्य आजादी से पहले वाला “हिंदुस्तान” फिर से लाना है। उन्होंने इसे डरपोक प्रवृत्ति बताया और कहा कि सभी एकजुट होकर खड़े हों, तभी मोदी को पीछे हटना पड़ेगा और मनरेगा फिर से बहाल होगा।

