जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ने बुधवार को हुमायूं कबीर की पार्टी आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) के साथ गठबंधन का औपचारिक ऐलान किया। इस मौके पर ओवैसी ने दावा किया कि पश्चिम बंगाल के लोग मौजूदा राजनीतिक माहौल से घुटन महसूस कर रहे हैं और उनका गठबंधन जनता को एक नया विकल्प देने के लिए तैयार है।
कोलकाता में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में ओवैसी ने कहा कि राज्य में अल्पसंख्यकों का विकास एक बड़ा मुद्दा बन गया है, खासकर ऐसे समय में जब अगले महीने चुनाव होने हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कमजोर वर्गों का शोषण हो रहा है और इसे रोकने के लिए AIMIM और AJUP मिलकर काम करेंगे।
ओवैसी ने ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन की ओर से कहा, “हम बंगाल के कमजोर तबकों के शोषण को रोकने के लिए हुमायूं कबीर के साथ मिलकर काम कर रहे हैं और जनता को वह विकल्प देंगे जिसकी उन्हें तलाश है।”
तृणमूल कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया
इस दौरान उन्होंने तृणमूल कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पार्टी ने मुस्लिम वोट तो हासिल किए, लेकिन उनके विकास के लिए कोई ठोस काम नहीं किया। ओवैसी ने यह भी कहा कि ममता बनर्जी की राजनीति ने राज्य में भारतीय जनता पार्टी को मजबूत होने का मौका दिया है।
जब उनसे पूछा गया कि उनकी पार्टी की मौजूदगी से बीजेपी को फायदा हो सकता है, तो ओवैसी ने कहा कि लोकतंत्र में हर मतदाता को अपनी पसंद की पार्टी को वोट देने की आजादी है।
किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिलता
वहीं, हुमायूं कबीर ने बताया कि AIMIM और AJUP का यह गठबंधन विधानसभा चुनाव में 182 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगा। उन्होंने दावा किया कि यदि किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिलता है, तो उनका गठबंधन सरकार गठन में निर्णायक भूमिका निभा सकता है।
294 सदस्यीय पश्चिम बंगाल विधानसभा के लिए 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में मतदान होगा, जबकि चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे।

