जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में छात्रों के साथ भी बड़ा खेल हो रहा है। विश्वविद्यालय ने एक छात्रा को अनुपस्थित दर्शाकर टॉपर की श्रेणी से बाहर कर दिया था, लेकिन शुक्र है छात्रा की जागरुकता के चलते यह पूरा घालमेल पकड़ में आ गया। यही नहीं, छात्र नेता डा. कुलदीप उज्जवल ने यूनिवर्सिटी के अधिकारियों को जब धरने पर बैठने की धमकी दी तो आनन-फानन में छात्र को फिर टॉपर बना दिया।
यह खेल यूनिवर्सिटी में चल रहा है। इस पूरे प्रकरण से साफ हो गया है कि यूनिवर्सिटी में कुछ भी संभव हो सकता है, सिर्फ सेटिंग होनी चाहिए। हम बात कर रहे है बागपत के कस्बा छपरौली की निवासी और दिगम्बर जैन कॉलेज बडौत की छात्रा राधा खोखर की। वर्ष 2020-21 में एमए इतिहास में 1680/2000 अंक प्राप्त किए हैं, जोकि 84 फ़ीसदी हैं। यहां यह महत्वपूर्ण तथ्य है कि विश्वविद्यालय ने 1555 अंक प्राप्त करने वाली कीर्ति सोम को टॉपर बना दिया था।
शुक्रवार को समाचार पत्रों में खबर आयी कि राधा और उसका परिवार विचलित हो गया। विश्वविद्यालय में संपर्क करने की कोशिश की तो निराशा ही हाथ लगी। राधा के पिता सतेंद्र ने यूनिवर्सिटी के पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष डा. कुलदीप उज्जवल से सम्पर्क साधा। इसके बाद ही डा. उज्ज्वल ने कुलसचिव धीरेंद्र वर्मा से बात की तथा कहा कि यदि राधा खोखर के साथ बेइमानी की तो वह यूनविर्सिटी में धरना देकर बैठ जाएंगे।
इसके बाद ही कुलसचिव ने एमए के प्रभारी से बात की तथा विश्वविद्यालय की त्रुटि से छात्रा राधा खोखर को अनुपस्थित दर्शा दिया गया था, जिसको राधा ने 5 दिसम्बर में ही दुरुस्त करा लिया था, लेकिन विश्वविद्यालय ने राधा के रिजल्ट को अपडेट न करके कीर्ति सोम को टॉपर घोषित कर दिया। यह गड़बड़ झाला यूनिवर्सिटी में किया जाता है। इस साल की सोना गर्ल सूची से ही बाहर हो गई।
डा. कुलदीप उज्ज्वल के संज्ञान लेने पर समस्त विश्वविद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया और तुरंत ही नई सूची अपडेट करके सिस्टम पर डाल दी गई, तब जाकर राधा और उसके परिवार ने राहत की सांस ली। अब राधा के परिवार में खुशी का माहौल है। विश्वविद्यालय की भी एक बड़ी चूक होने से बच गई।

