जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी शहर में अवैध तरीके से की जा रही पटाखा बिक्री के खिलाफ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने अभियान चला रखा है। जिसके चलते रविवार को सिविल लाइन थाना पुलिस ने पुरानी मोहनपुरी स्थित एक मकान में छापेमारी कर 25 लाख रुपये के पटाखे बरामद कर मौके से चाचा-भतीजे को हिरासत में लिया है।
गौरतलब है कि प्रदूषण पर रोक लगाने के चलते सुप्रीम कोर्ट ने इस बार पटाखा बिक्री पर पूर्णत: पाबंदी लगा दी है। इसके बावजूद प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की आंख में धूल झोंककर पटाखा बिक्री की जा रही है।
हालांकि अधिकारी लगातार पटाखा फैक्ट्री और इनकी बिक्री करने वाले व्यापारियों पर शिकंजा कसने के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। इसी क्रम में रविवार को मुखबीर की सूचना पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने पुरानी मोहनपुरी निवासी सतीश व विमल के घर में छापेमारी की।
छापेमारी के दौरान पुलिस टीम ने अवैध रूप से रखे गए 25 लाख रुपये के पटाखे बरामद किए है। इसी के साथ पुलिस ने मौके से विमल व उसके भतीजे सचिन पुत्र सतीश को हिरासत में ले लिया है।
छोटे व्यापारियों को बेचने के लिए मंगवाए थे पटाखे
सतीश व विमल दोनों भाई एक साथ ही रहते है। दोनों भाइयों ने दिवाली के मौके पर छोटे दुकानदारों को सप्लाई करने के लिए अलग-अलग शहरों से 25 लाख रुपये के पटाखे मंगाएं थे। जबकि इस बार सुप्रीम कोर्ट ने पटाखा बिक्री पर पूरी तरह पाबंदी लगाई हुई है। पुलिस द्वारा आए दिन शहर में पटाखा बेचने वालों के खिलाफ आए दिन की जा रही कार्रवाई के बावजूद दुकानदार पर धड़ल्ले से पटाखे बेचे जा रहे है।
मेडिकल पुलिस ने पकड़े 50 हजार के पटाखे
मेडिकल थाना पुलिस ने मुखबीर की सूचना पर जागृति विहार एक्सटेंशन में रहने वाले रजत सैनी के मकान पर छापेमारी की। जहां से पुलिस टीम ने मकान की दूसरी मंजिल पर रखे छह पेटी पटाखे बरामद किए है। इसी के पुलिस ने मौके से रजत को भी हिरासत में लिया है। पकड़े गए पटाखों की कीमत 50 हजार रुपये बताई गई है।

