- गन्ना समिति सचिव ने डीसीओ को पत्र भेजा
जनवाणी संवाददाता |
ऊन: सहकारी गन्ना विकास समिति ऊन में अंतिम कैलेंडर में पेड़ी की पर्ची कम किए जाने से किसान परेशान हैं रोजाना सैकड़ों किसान समिति कार्यालय पर चक्कर काट रहे हैं लेकिन समाधान नहीं हो पा रहा है। इस संबंध में समिति के सचिव ने जिला गन्ना अधिकारी से गत वर्ष की भाँति कैलेंडर में पर्ची निर्धारण करने हेतु पत्र भेजा है।
गन्ना समिति ऊन पर किसानों को अंतिम कैलेंडर 26 अक्टूबर से वितरित किया गया। अंतिम कैलेंडर में पेडी की पर्ची कम कर दी गई, इसके अलावा गत वर्ष बनाए गए नए सदस्यों का बेसिक कोटा भी आधा कर दिया गया जिसके बाद किसान परेशान हो गए। रोजाना सैकड़ों की संख्या में किसान अपनी समस्या दूर कराने हेतु समिति के कार्यालय पर आते हैं।
सचिव द्वारा किसानों की समस्याओं को देखते हुए कंप्यूटर सिस्टम में जांच की गई जिसमें पाया गया कि जिन किसानों का बेसिक कोटा उनके उत्पादन से कम है उनके कैलेंडर में गन्ना क्षेत्रफल के अनुसार प्रोरेटा के आधार पर पर्चियो की मार्किंग की गई है। जिसमें पौधे में पर्चियां अधिक लगी है।
इसके अलावा गत वर्ष बनाए गए मेंबरों का सट्टा आधा कर दिया गया जिसे बड़ी संख्या में किसान परेशान है। किसानों की मांग है कि गत वर्ष के अनुसार 60-40 अनुपात के हिसाब से पेडी व पौधे की पर्चियों का निर्धारण किया जाए। इस संबंध में गन्ना समिति के सचिव अजीत कुमार सिंह ने किसानो की समस्या का हल कराने हेतु जिला गन्ना अधिकारी को पत्र लिखकर गत वर्ष की भाँति कैलेंडर में पर्ची निर्धारण कराए जाने हेतु पत्र भेजा है।
सचिव अजीत कुमार सिंह ने बताया कि किसानों की समस्या जायज है किसानों की समस्या से जिला गन्ना अधिकारी एवं उच्च अधिकारियों को भी अवगत कराया गया है इसके अलावा अतिरिक्त सट्टा पर्ची की मांग की गई है तथा आशा है कि शीघ्र किसानों की समस्या का हल हो जाएगा।

