जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: अब मेहनतकश मजदूर की चिंता सरकार ने दूर कर दी है। अब उसकी लाडली को किसी चीज के लिए मोहताज नहीं रहना पड़ेगा। श्रमिक की बेटी को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए मातृत्व शिशु एवं बालिका मदद योजना चलायी जा रही है वहीं शादी के लिए कन्या विवाह अनुदान योजना चलायी जा रही है।
श्रमिकों के लिये अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं में जनपद में 1 लाख 97 हजार से अधिक श्रमिको व उनके परिवारों को 46.94 करोड़ से ज्यादा का लाभ दिया गया है। यह जानकारी मुख्य विकास अधिकारी ईशा दुहन ने दी।
उपायुक्त श्रम दीप्तिमान भट्ट ने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा श्रमिको के हितार्थ अनेको योजनाएं संचालित की जा रही है। उन्होने बताया कि उ0प्र0 भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं से भी श्रमिको व उनके परिवारों को निरंतर लाभ पहुॅचाया जा रहा है।
उन्होने बताया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में मृत्यु, विकलांगता एवं अक्षमता पेंशन योजना के अन्तर्गत 336 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के आश्रितों को धनराशि 6,77 लाख से लाभान्वित किया गया। अन्त्येष्टि सहायता योजना के अन्तर्गत 336 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के आश्रितों को धनराशि 82,70,000 से लाभान्वित किया गया।
उन्होने बताया कि कन्या विवाह अनुदान योजना के अन्तर्गत 1553 पंजीकृत निर्माण श्रमिको को उनकी पुत्री के विवाह हेतु धनराशि 8,53,18,000 से लाभान्वित किया गया। उन्होने बताया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में मातृत्व, शिशु एवं बालिका मदद योजना के अन्तर्गत 2329 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि 2,76,83,674 से लाभान्वित किया गया।
मेधावी छात्र पुरस्कार योजना के अन्तर्गत 289 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि 8,41,000 से लाभान्वित किया गया। संत रविदास शिक्षा सहायता के अन्तर्गत 878 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि12,42,850 से लाभान्वित किया गया। उन्होने बताया कि चिकित्सा सुविधा योजनान्तर्गत 41028 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि 12,05,67,000 से लाभान्वित किया गया।
आपदा राहत सहायता योजना के अन्तर्गत प्रथम व द्वितीय किश्त सहित कुल 151103 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि15,11,03,000 से लाभान्वित किया गया। सहायता योजना के अन्तर्गत 06 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को धनराशि 3,00,000 से लाभान्वित किया गया। उन्होने बताया कि कोविड-19 के दौरान अन्य राज्यों व जनपदो से आये प्रवासी श्रमिको को भी स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है।

