जनवाणी संवाददाता |
मंसूरपुर: अस्पताल में भर्ती कोविड-19 संक्रमित मरीज ने चौथी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। मौके पर एसएसपी ने पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली। मौत की सूचना पर परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर हंगामा किया। पचेंडा रोड मुजफ्फरनगर निवासी 50 वर्षीय राजकुमार पुत्र रोहताश 8 जनवरी को कोविड-19 पॉजिटिव होने के कारण बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज के कोविड-19 वार्ड में भर्ती कराया गया था। गुरुवार सुबह करीब 2 बजे उसने चौथी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली।
मौके पर एसएसपी ने पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली। मौत की सूचना पर पहुंचे परिजनों ने हॉस्पिटल प्रशासन व डॉक्टरों के खिलाफ लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा किया तथा मृतक के पुत्र ने थाने में हॉस्पिटल प्रशासन के खिलाफ तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।

कोविड-19 संक्रमित मरीज के आत्महत्या की सूचना पर मेडिकल स्टाफ में हड़कंप मच गया। सूचना पर थाना पुलिस सहित एसएसपी अभिषेक यादव भी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। उधर, मरीज के परिजन भी सूचना मिलते ही रोते बिलखते मेडिकल कॉलेज पहुंचे और मेडिकल स्टाफ की लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि घटना करीब दो बजे की है, लेकिन उन्हें चार बजे मामले की जानकारी दी गई थी।
लाल बाग पचेंडा रोड मुजफ्फरनगर निवासी 50 वर्षीय राजकुमार पुत्र रोहताश 8 जनवरी को कोविड-19 पॉजिटिव होने के कारण बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज के कोविड-19 वार्ड में भर्ती कराया गया था।गुरुवार सुबह करीब 2 बजे उसने चौथी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। कोविड-19 संक्रमित मरीज के आत्महत्या की सूचना पर मेडिकल स्टाफ में हड़कंप मच गया।
सूचना पर थाना पुलिस सहित एसएसपी अभिषेक यादव भी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। उधर मरीज के परिजन भी सूचना मिलते ही रोते बिलखते मेडिकल कॉलेज पहुंचे और मेडिकल स्टाफ की लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि घटना करीब दो बजे की है, लेकिन उन्हें चार बजे मामले की जानकारी दी गई थी।

काफी देर हंगामे के बाद मृतक के पुत्र रविंद्र कुमार ने थाने में दी तहरीर में बताया कि उसके पिता को फेफड़ों मे हुए मामूली इंफेक्शन के चलते 8 जनवरी को बेगराजपुर मेडिकल में भर्ती कराया गया था। जहां पर उनकी कोरोना टेस्ट रिपोर्ट नेगेटिव आई थी, लेकिन उसी रात्रि लगभग 10 बजे डॉक्टरों ने उन्हें बताया कि तुम्हारी कोरोना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। जिसके बाद उन्हें कोविड-19 के आईसीयू वार्ड में भर्ती करा दिया गया था।उन्होंने मुझे फोन कर बताया था कि यहां के डॉक्टर उनकी ठीक से देखभाल नहीं कर रहे हैं,और उनके साथ बुरा बर्ताव किया जा रहा है।आज सुबह 4 बजे उन्हें कंट्रोल रूम से उनकी आत्महत्या करने की सूचना दी गई थी।
मृतक के पोस्टमार्टम को लेकर खूब हुआ हंगामा
मृतक के परिजनों का कहना था कि हम मृतक का पोस्टमार्टम कराना चाहते हैं जबकि पुलिस प्रशासन की ओर से एसडीएम खतौली इंद्रकांत द्विवेदी तथा सीओ खतौली व थाना प्रभारी केपी सिंह मृतक के शव को परिजनों को सौंपने की बात कह रहे थे। घंटों हंगामे के बाद बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज में ही वीडियोग्राफी के द्वारा पोस्टमार्टम कराने की बात पर मृतक के परिजन संतुष्ट हो गये थे। समाचार लिखे जाने तक उसका पोस्टमार्टम करा देने के बाद उसका शव परिजनों को सौंप देना बाकी था।

