- भांजे को लेकर गए थे वैष्णो माता के दर्शन के लिए
जनवाणी संवाददाता |
दौराला: सात जून को दौराला निवासी प्रदीप व पवन अपने भांजे फफूंडा निवासी तरुण के साथ वैष्णो माता के दर्शन करने गए थे। रविवार देर रात शिवखोड़ी से दर्शन कर लौटने के दौरान आतंकी हमले के दौरान खाई में बस गिरने से तीनों घायल हो गए। दौराला के वार्ड-4 मोहल्ला रदासपुरी निवासी हरपाल तिरंगा चौक के पास वेल्डिंग का कार्य करते हैं। उनके पांच बेटी व दो बेटे हैं। बड़ा बेटा प्रदीप जियो कंपनी में कार्यरत है, जबकि पवन नोएडा स्थित एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है।
मां प्रेमवती ने बताया कि सात जून को फफूंडा निवासी उनका भांजा तरुण उर्फ अभिषेक दौराला आया और उनके दोनों बेटे प्रदीप व पवन तरुण के साथ माता वैष्णो देवी के दर्शन को निकल पड़े। परिजनों ने बताया कि प्रदीप अपने साथ पोसपेड मोबाइल लेकर गया था। लगातार वह परिजनों के संपर्क में था। माता के दर्शन के बाद उसने परिजनों को फोन कर जानकारी दी थी। रविवार की सुबह तीनों शिवखोड़ी के लिए दर्शन करने पहुंचे। देर रात लौटते समय आतंकवादियों ने बस पर गोलियां बरसानी शुरू कर दी, जिसमें चालक समेत नौ लोगों की मौत हो गई।
बस अनियंत्रित होने के बाद खाई में पलट गई। घायलों को जम्मू पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया। प्रेमवती ने बताया कि बेटे प्रदीप ने अपने पिता हरपाल को फोन पर सोमवार सुबह हमले की जानकारी दी, लेकिन हरपाल ने परिजनों को इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी। दोपहर के समय में तहसील की टीम जब घर ढूंढते हुए पहुंची और उन्हें हमले की जानकारी हुई। मां प्रेमवती ने बताया कि पवन व प्रदीप शादीशुदा है।
पवन की पत्नी नीतू व प्रदीप की पत्नी सुमन का रो-रोकर बुरा हाल हो गया, जब टीम ने बताया कि वह सही सलामत है और उन्हें लेने के लिए तहसीलदार राहुल टीम के साथ जम्मू के लिए रवाना हो गए हैं तो परिजनों ने राहत की सांस ली। परिजन लगातार घर में पूजा-अर्चना कर तीनों की सलामती की दुआ मांग रहे है। घटना की जानकारी लगने के बाद कस्बे के लोग परिजनों से पल-पल की जानकारी जुटा रहे हैं।

