जनवाणी ब्यूरो |
लखनऊ: प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने बताया कि प्रदेश में उपचार, बचाव एवं जागरूकता में किए गए बेहतर प्रयासों के फलस्वरूप वर्ष 2022 में डेंगू के संक्रमण में गत वर्ष की तुलना में काफी कमी आई है। उन्होंने बताया कि 1 नवंबर 2022 तक प्रदेश में डेंगू रोग के कुल 7134 केस पाए गए जबकि वर्ष 2021 में 29750 से ऊपर केस से सूचित हुए थे, जो कि वर्ष 2021 की तुलना में काफी कम है।
इस वर्ष प्रदेश में डेंगू से सर्वाधिक प्रभावित जनपदों में प्रयागराज 1171 केस, लखनऊ 1058 केस, गाजियाबाद 513 केस, अयोध्या 458 फेस एवं जौनपुर 371 डेंगू केस सूचित हुए हैं।
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि डेंगू रोग की रोकथाम हेतु प्रदेश में स्वास्थ्य विभाग एवं नगर विकास विभाग लगातार मिलकर कार्य कर रहे है, जिसमें मुख्यतः प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय भ्रमण कर मच्छर जनित परिस्थितियों को समाप्त करना, एंटी लार्बल स्प्रे करना एवं फॉगिंग करना है। डेंगू रोग से बचाव एवं उपचार के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार का कार्य भी किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि वर्तमान तक प्रदेश के डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में कुल 37374527 घरों का भ्रमण किया गया, जिसमें कुल- 35450856 कन्टेनर्स की जांच की गयी तथा कुल 8775 लोगों को मच्छर जनित परिस्थितियां पाये जाने पर नोटिस जारी किये गये हैं।
उप मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्तमान वर्ष 2022 में डेंगू के नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए प्रदेश में विशेष प्रयास किये गये है। सभी जनपद स्तरीय चिकित्सालय एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर डेंगू वार्ड चिह्नित एवं क्रियाशील किये गये हैं। सभी जिला चिकित्सालयों व परिधिगत चिकित्सालयों में फीवर हेल्प डेस्क स्थापित किये गये हैं। प्रदेश के 29 जनपदों में कुल 52 कम्पोनेंट सेपरेशन यूनिट स्थापित व क्रियाशील है। डेंगू के प्रभावी सर्वेक्षण हेतु प्रदेश के 57 जनपदों में 68 एसएसएच एवं 2 एपेक्स रेफरल लैब क्रियाशील हैं जिनमें प्रदेश के समस्त जनपदों से डेंगू व चिकनगुनिया रोग की निशुल्क जाँच की जा रही है।

