जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: संसद में सोमवार को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर चर्चा के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने देश की सुरक्षा नीति को लेकर विपक्ष के सवालों का करारा जवाब दिया और भारत की बदली हुई सैन्य रणनीति की स्पष्ट झलक पेश की। उन्होंने कहा कि यह नया भारत है, जो आतंकवाद को जड़ से उखाड़ने की क्षमता रखता है और अब सिर्फ प्रतिक्रिया नहीं करता, बल्कि निर्णायक कार्रवाई करता है।
राजनाथ सिंह ने विपक्ष से कहा, “अगर आपको प्रश्न पूछना है, तो यह पूछिए कि इस ऑपरेशन में हमारे जांबाज सैनिकों की कोई क्षति हुई है?” उन्होंने खुद ही उत्तर देते हुए कहा, “नहीं, हमारे सैनिक पूरी तरह सुरक्षित हैं।” उन्होंने स्पष्ट किया कि आतंकवाद का समर्थन करने वालों को भारत की ओर से कड़ा संदेश दिया गया है।
‘संगच्छध्वं संवदध्वं’ का मंत्र और एकता की अपील
रक्षा मंत्री ने सदन से आह्वान किया कि सभी दल राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठें और राष्ट्रीय सुरक्षा के मसले पर एकजुट होकर खड़े हों। उन्होंने कहा, “यह समय हमारी सुरक्षा, संप्रभुता और आत्मसम्मान की रक्षा के संकल्प को और मजबूत करने का है। हमारी सामाजिक और राजनीतिक एकता ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है।” उन्होंने देश की जनता को भरोसा दिलाया कि सरकार, सेना और लोकतांत्रिक संस्थाएं मिलकर भारत की सुरक्षा और एकता के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
भारत अब बदल चुका है: राजनाथ सिंह
राजनाथ सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा, “आज का भारत सहता नहीं, जवाब देता है। आतंक की जड़ तक जाकर उसे खत्म करने का सामर्थ्य रखता है। जब प्रतिद्वंद्वी आतंक को रणनीति बना चुका हो, तो मजबूती और निर्णायकता ही एकमात्र विकल्प होती है।”
ब्रिक्स सम्मेलन में लश्कर और जैश को आतंकी संगठन करार
रक्षा मंत्री ने कहा कि 2017 के ब्रिक्स सम्मेलन में पहली बार लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद जैसे संगठनों को आतंकवादी घोषित किया गया। यह स्थिति उरी हमले के बाद की गई सर्जिकल स्ट्राइक के चलते संभव हुई, जिसने दुनिया को भारत के नए रुख से परिचित कराया। उन्होंने कहा, “हमने दुनिया को बता दिया कि अगर ज़रूरत पड़ी तो हम सरहद पार कर आतंकियों को उनके घर में घुस कर मारेंगे। यह बदला हुआ भारत है।”
पाकिस्तान से बातचीत पर सख्त रुख
राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को लेकर भी कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भारत केवल सभ्य और लोकतांत्रिक देशों से ही बातचीत करता है। “जहां लोकतंत्र नहीं, केवल धार्मिक कट्टरता और भारत के प्रति नफरत है, वहां बातचीत की कोई गुंजाइश नहीं है। पाकिस्तान की नीयत और नीति में कोई शक नहीं। वह आतंकवादियों के लिए राजकीय अंतिम संस्कार करता है।”
“भारत को अब कोई हिला नहीं सकता”
रक्षा मंत्री ने अपने भाषण का समापन इस संकल्प के साथ किया कि भारत की संप्रभुता, सुरक्षा और आत्मसम्मान से कोई भी समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने दोहराया, “जो भारत को हज़ार जख्म देने का सपना देखते हैं, उन्हें अब जाग जाना चाहिए। यह नया भारत है – जो किसी भी हद तक जा सकता है।”

