- पति से अनबन के कारण मामा के घर रहती थी डाक्टर
जनवाणी संवाददाता |
सहारनपुर: कोतवाली सदर बाजार के आवास विकास इलाके में एक महिला डॉक्टर ने संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों के हवाले कर दिया।
महिला डॉक्टर की 10 साल पहले शादी हुई थी। बाद में पति से अनबन के चलते तलाक हो गया था। इन दिनों महिला डॉक्टर अपने मामा के घर पर रह रही थी। मौके से सुसाइड नोट नहीं मिलने के चलते पुलिस को कारणों की जानकारी नहीं मिल सकी है। मृतका के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
कोतवाली सदर बाजार क्षेत्र के मोहल्ला न्यू आवास-विकास निवासी 28 वर्षीय डा. अंबिका पुत्री रामचंद्र ने कानपुर से एमबीबीएस की पढ़ाई की थी। पुलिस के मुताबिक डॉ अंबिका पिछले साल लगे लॉकडाउन के बाद अपने घर आई थी और पड़ोस में ही अपने मामा के घर पर रह रही थी।
मंगलवार की सुबह करीब दस बजे डॉ अंबिका ने खुद को कमरे में बंद कर मिट्टी तेल डालकर आग लगा ली। चीख-पुकार सुनकर परिजनों ने दरवाजा तोड़ा और आग से बुरी तरह झुलसी अंबिका को उपचार के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे। जांच के बाद चिकित्सक ने अंबिका को मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची कोतवाली सदर बाजार पुलिस ने कमरे से मिट्टी के तेल की बोतल और माचिस बरामद की है।
इंस्पेक्टर कोतवाली सदर बाजार हरेंद्र सिंह ने बताया कि मृतका के कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। आत्महत्या के कारण अभी पता नहीं लग पाए हैं। अंबिका ने खुदकशी के कारण जानने के लिए पुलिस पड़ताल में जुटी है। दूसरी ओर महिला डाक्टर की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है। पुलिस के मुताबिक 10 साल पूर्व अंबिका की शादी हुई थी।
आगे की पढ़ाई जारी रखने के लिए को लेकर उसका ससुराल के लोगों से विवाद हो गया था। पति से अनबन के चलते 4 वर्ष पूर्व अंबिका का तलाक हो गया था। पति से तलाक के ही अंबिका ने एमबीबीएस किया था। इन दिनों अंबिका अपने मामा के घर पर रह रही थी। आशंका जताई जा रही है कि मानसिक तनाव के चलते महिला चिकित्सक ने यह कदम उठाया है।

