- नंगलाबडी गांव में बनायी गयी थी नवंबर माह ग्रामीणों ने अस्थाई गोशाला
- आग लगने से गंभीर रूप से झुलसे 14 गोवंश, एसडीएम व सीओ ने लगायी दौड़
- सभी मृतक गोवंश को जेसीबी से गड्ढा खोदकर प्रशासन ने दबवाए
जनवाणी संवाददाता |
चांदीनगर: नंगला बडी गांव में अस्थाई गोशाला में शार्ट सर्किट से बडा हादसा हो गया है और इस हादसे में चौदह गोवंश की दर्दनाक जलकर मौत हो गयी है। वहीं 14 गोवंश गंभीर रूप से झुलसकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल गोवंश का उपचार के लिए चिकित्सकों को बुलाया गया।
वहीं मृतक गोवंश को दफनाने के लिए एसडीएम व सीओ मौके पर पहुंच गए थे। उन्होंने जेसीबी मशीन से गड्ढा खुदवाकर गोवंश को दफना दिया था। वहीं बडा हादसा होने से प्रशासन से लेकर लखनऊ तक हडकंप मचा हुआ है और हादसे की सूचना मिलते ही बडी संख्या में ग्रामीण घटना स्थल पर पहुंच गए थे। हर कोई इस घटना की निंदा कर रहा है। बताया जा रहा कि गोशाला में चोरी की बिजली चल रही थी।

खेकडा क्षेत्र के नंगलाबडी गांव में नवम्बर माह में अस्थायी गोशाला का निर्माण कराया गया था, जिसमें 31 गोवशं मौजूद थे। गोशाला में गोवंश को सर्दी से बचाने के लिए चारों और से तिरपाल और ज्वार की पुलिया लगाई गयी थी। जबकि ऊपर टीन सेड लगे थे।
गोशाला में चारा काटने से लेकर पानी तक के लिए जनेटर की व्यवस्था की गयी थी। प्रधान सतीश कुमार ने बताया की गोशाला के कर्मचारियों द्वारा दो दिन पहले ही समीप ही ट्यूबवेल से बिजली के तार लाकर बल्ब लगाये गये थे। मंगलवार दोपहर शार्ट सर्किट होने के कारण अचानक तिरपाल में आग लग गयी, जिसके बाद वहां रखी हुई ज्वार की पुराल में आग लग गयी और देखते ही देखते आग ने भयानक रूप धारन कर दिया।

चौकीदार प्रेम ने देखा तो उस दौड पड़ा और शोर मचा दिया। चौकीदार ने 14 पशुओं को घायल अवस्था में बाहर निकाला वहीं 14 गोवंश की चपेट में आने से मौत हो गयी। गोशाला में आग की सूचना पर गांव में फैल गयी और हर कोई गोवंश को बचाने के लिए गोशाला की तरफ दौड़ पडे और बचाने का प्रयास किया, लेकिन जब तक आग भयकर रूप ले चुकी थी और किसी की हिम्मत उधर जाने की नहीं हुई।
बाद में आग पर पानी डालकर काबू पाया गया। लेकिन, जब तक गोवंशों ने दम तोड़ दिया था। वहीं गोशाला में आग लगने से हुई गोवंशों की मौत से प्रशासन में पूरी तरह से हडकंप मच गया और अधिकारी पुलिस फोर्स के साथ गोशाला की तरफ दौड़ पड़े, ताकि वहां किसी तरह का हंगामा न हो।
एसडीएम व सीओ ने लगायी दौड़
सूचना पाकर खेकड़ा एसडीएम अजय कुमार और सीओ एमएस रावत भी मौके पर पहुंच गये और घायल गोवशों को उपचार दिलाने के लिए पशु चिकित्सकों को मौके पर बुलाया गया। जबकि जेसीबी मशीन मगाकर मृतक गोवंशों को गड्ढा खुदवाकर दबवाया गया। गांव के लोग भी घायल गोवंशों के उपचार में लगे थे।
मुरादनगर की घटना को देखते हुए प्रशासन की लगी दौड़
नंगलाबडी गांव में गोशाला में आग लगने से गोवंशों की मौत की जैसे ही यह सूचना प्रशासन को मिली तो मौके पर खेकड़ा एसडीएम अजय कुमार और सीओ खेकड़ा मौके पर पहुंचे। आनन फानन में जेबीसी मशीन मंगवाकर मृतक गोवंशों को दबवाया गया।
आवारा गोवंश से बचने के लिए बनायी थी गोशाला
नंगलाबडी गांव में आवारा गोवंश किसानों की फसल को बर्बाद कर रहे थे तो इसको देखते हुए एक व्यक्ति ने अपनी एक बीघा जमीन को दान में दिया था, ताकि वहां गोशाला का निर्माण हो सकें और किसानों की फसल को बर्बाद होने से बचाया जा सकें। सभी ग्रामीणों के सहयोग के बाद यह अस्थाई गोशाला बनायी गयी थी।
आखिर कौन है इसका जिम्मेदार
आखिर नंगला बडी गांव में अस्थाई गोशाला में आग लगने से चौदह गोवंश की मौत का जिम्मेदार कौन है और कौन सिस्टम इसकी जिम्मेदारी लेगा। हर कोई अस्थाई गोशाला को प्राइवेट कहकर अपनी जिम्मेदारी से बच रहा है। पता नहीं क्यों गोंवशों के प्रति इतनी बडी लापरवाही बतरी गयी।
| गोशाला प्राइवेट थी और गोवंश शार्ट सर्किट होने के कारण लगी आग से मरे है। इस मामले की जांच करायी जा रही है। यदि वहां बिजली चोरी की गयी होगी तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। -अजय कुमार एसडीएम खेकड़ा |

