Wednesday, March 25, 2026
- Advertisement -

नारकीय हालात, ये स्टेडियम के हॉस्टल है जनाब!

  • जेल से भी बदतर जिंदगी जीने को मजबूर उभरते खिलाड़ी
  • गंदगी और मच्छरों के प्रकोप से त्रस्त खिलाड़ी कैसे बनेंगे देश का भविष्य?

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: स्टेडियम के हॉस्टल में खिलाड़ी नारकीय हालत में रह रहे हैं। हॉस्टल में खिलाड़ियों के लिए कदम-कदम पर खतरा है। खिलाड़ियों ने जनवाणी संवाददाता को घटना स्थल पर टूटी रेलिंग, कमरे और गैलरी से गिरता प्लास्टर, खुले बिजली के तार और गंदे शौचालय दिखाए।

20 18

सरकार लाख दावे करती रहे कि वह खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के लिए तमाम सुविधाएं देती है, खेल में अपना भविष्य संवारने के लिए करोड़ों रुपये का फंड जारी किया जाता है, लेकिन जमीनी हकीकत इसके उलट है। यहां खिलाड़ी किसी कैदी से भी बदतर जिंदगी जीने को मजबूर है। न तो खिलाड़ियों के लिए रहने की उचित सुविधाएं है और न ही उन्हें सही डाइट मिल रही है। यह स्थिति है शहर के कैलाश प्रकाश स्पोर्ट्स स्टेडियम के हॉस्टल की, जहां का दौरा करने पर सच्चाई सामने आई है।

60 खिलाड़ियों के रहने की व्यवस्था, सुविधाएं नदारद

कैलाश प्रकाश स्टेडियम के हॉस्टल में हर तरफ गंदगी फैली है। यहां रहने वाले खिलाड़ी सड़ांध भरे कमरों में रहने को मजबूर है, स्वच्छ वातावरण को तो जैसे भूल ही जाइये। जिस तरह के माहौल में खिलाड़ी रह रहे हैं। वह किसी कैदी की जिंदगी से भी बदतर है। जिन बेडों पर खिलाड़ी सोते हैं।

17 22

उन पर गद्दे तक नहीं है। बिजली जाने पर इनवर्टर की सुविधा नहीं है। कमरों में टूटे फर्नीचर की भरमार है, शौचालय से इस कदर बदबू उठती रहती है कि सांस लेना भी दूभर है। दो सफाई कर्मचारी होने चाहिए, लेकिन एक ही है तो कभी कभार ही सफाई के लिए आता है। ऐसे में किस तरह खिलाड़ी स्वस्थ रहते हुए खेल पर ध्यान केंद्रित करेंगे, यह बड़ा सवाल है।

डाइट का पैसा बढ़ा, लेकिन सिर्फ कागजों में

सरकार ने खिलाड़ियों को मिलने वाली प्रतिदिन डाइट का पैसा बढ़ा दिया है। जहां पहले एक खिलाड़ी के लिए 250 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से पैसा मिलता था। अब इसे बढ़ाकर 350 कर दिया गया है, लेकिन खिलाड़ियों को मिलने वाली डाइट की गुणवत्ता पहले से भी कम हो गई है। मैन्यू के हिसाब से खिलाड़ियों को भोजन नहीं मिल रहा है।

स्वास्थ्य सेवाएं भी कमतर

यदि कोई खिलाड़ी हॉस्टल में रहते हुए बीमार हो जाता है या घायल हो जाता है तो उसके इलाज की भी कोई व्यवस्था स्टेडियम में नहीं है। ऐसे हालातों में साथी खिलाड़ी ही किसी तरह जिला अस्पताल या मेडिकल में खिलाड़ी को लेकर जाते हैं।

19 18

साथ ही यदि निजी चिकित्सक से इलाज कराना पड़े तो उसका खर्र्च भी खिलाड़ियों को ही वहन करना होता है। जिसको लेकर स्वास्थ्य सेवाएं भी कमतर ही दिखाई दे रही है।

नहीं है कोई लाइब्रेरी

स्टेडियम के हॉस्टल में रहने वाले सभी खिलाड़ी खेल कोटे से है, जो खेल के साथ पढ़ाई भी करते हैं, लेकिन इनके लिए स्टेडियम में कोई लाइब्रेरी तक नहीं है। खिलाड़ियों को पढ़ाई करने के लिए कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है।

18 20

बिजली जाने पर खिलाड़ी अंधेरे में रहने को मजबूर है, इमरजेंसी लाइट की कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में किस तरह खिलाड़ी खेल के साथ अपनी पढ़ाई करते होगे इसका अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है।

क्रीड़ा अधिकारी ने मिलने पर लगा रखी रोक

हॉस्टल में रहने वाले खिलाड़ियों को यदि अपनी समस्या को लेकर प्रांतीय क्रीड़ा अधिकारी से मिलना हो तो उनसे नहीं मिलने दिया जाता है। बताया जा रहा है कि अधिकारी ने खिलाड़ियों को चेतावनी दी है कि यदि उनसे सीधे मिले तो उनका भविष्य दांव पर लग सकता है। ऐसे में खिलाड़ी किसके सामने अपनी समस्याएं रखे यह बड़ा सवाल है।

कई खिलाड़ी हॉस्टल छोड़कर वापस लौट चुके

हॉस्टल में कुश्ती, बॉक्सिंग व क्रिकेट के वह खिलाड़ी रहते हैं। जिनको चयन पास करने के बाद ही हॉस्टल की सुविधा मिली है, लेकिन व्यवस्थाएं नहीं होने पर कई खिलाड़ी वापस अपने शहर लौट चुके हैं। जो खिलाड़ी बचे हैं, वह भी कभी भी वापस लौट सकते हैं।

15 24

ऐसे में सवाल यह उठता है कि सरकार खिलाड़ियों के लिए तमाम तरह की सुविधाएं देने का दावा करती है, खिलाड़ियों के लिए कोच रखे जाते हैं, खेल का सामान व अन्य तरह का स्टाफ और बिल्डिंग है, लेकिन अगर इनमें रहने के लिए खिलाड़ी ही नहीं होगें तो फिर इन सबका क्या फायदा?

आरएसओ ने रोया बजट का रोना

प्रांतीय क्रीड़ा अधिकारी जीडी बारीकी का कहना है कि सफाई के लिए एक ही कर्मचारी है, हॉस्टल काफी समय से बंद रहा है। जिस वजह से अभी व्यवस्थाएं पूरी तरह ठीक नहीं हुई है।

21 15

बजट भी अभी नहीं आया है, जल्दी ही खिलाड़ियों की सभी जरूरतों को पूरा कर दिया जाएगा।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

Gold Silver Price Today: सर्राफा बाजार में नरमी, सोना ₹2,360 और चांदी ₹9,050 तक टूटी

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी तनाव...

Delhi Budget 2026: सीएम रेखा गुप्ता ने पेश किया ‘हरित बजट’, विकास और पर्यावरण में संतुलन पर जोर

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा की कार्यवाही मंगलवार...

Share Market: शेयर बाजार में तेजी का रंग, सेंसेक्स 1,516 अंक उछला, निफ्टी 22,899 पार

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार मंगलवार को...

LPG Rate Today: एलपीजी सिलिंडर के आज के रेट, सप्लाई संकट के बीच क्या बढ़ेंगे दाम?

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: देशभर में घरेलू और कमर्शियल...

Delhi Bomb Threat: दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष को बम धमकी, CM और केंद्रीय नेताओं के नाम भी शामिल

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता...
spot_imgspot_img