- बेटियों के खाते में पांच करोड़ 83 लाख से ज्यादा पहुंचा
जनवाणी संवाददाता |
सहारनपुर: मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का सहारनपुर में सफल क्रियान्वयन हुआ है, लिहाजा प्रदेश में इस जनपद को छठां स्थान मिला है। विभागीय कर्मियों में इसको लेकर उत्साह भी है। दरअसल, सहारनपुर ने मेरठ, लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी जैसे बड़े शहरों को पीछे छोड़ते हुए यह उपलब्धि हासिल की है। मंडलीय प्रोबेशन अधिकारी पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि अब तक 32,724 बेटियों के खातों में पांच करोड़ 83 लाख पांच हजार रुपये की धनराशि भेज दी गई है।
यह बताने की जरूरत नहीं कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना एक अप्रैल 2019 को शुरू की गई थी। पात्र लाभार्थियों को श्रेणीवार धन मिलता है। कुल छह श्रेणी होती है। योजना में आनलाइन आवेदन किया जाता है। इस योजना की प्रदेश स्तर से रैकिंग जारी हुई। इसमें सहारनपुर टॉप टेन में शामिल हुआ है। प्रदेश में छठे नंबर पर सहारनपुर है। सहारनपुर से आगे उन्नाव, सीतापुर, रायबरेली, प्रयागराज और लखीमपुर खीरी हंै जबकि हरदोई, मेरठ, लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, अलीगढ़, आगरा पीछे हैं।
सभी छह श्रेणी में कुल पात्र लाभार्थी 32,724 हैं, जिनकी धनराशि उनके खातों में पहुंच गई है। जबकि अभी तक योजना के लिए 47 हजार से अधिक आवेदन आए हैं। श्रेणी एक में लाभ लेने वाले 12,699, श्रेणी दो के 11,448, श्रेणी तीन के 4060, श्रेणी चार के 1898, श्रेणी पांच के 1814 तथा श्रेणी छह के पात्र लाभार्थी 805 हैं। बता दें कि इस योजना में बेटी के पैदा होने से लेकर हायर एजुकेशन तक की पढ़ाई की व्यवस्था है। अभिभावक शैलेंद्र सचदेवा का कहना है कि यह योजना बहुत कारगर है। सरकार बेटियों के प्रति गंभीर है।
अब बेटी तथा बेटे में फर्क नहीं रह गया है। बालिकाएं भी विभिन्न क्षेत्रों में नाम रोशन कर रही हैं। अभिभावक योगेंद्र सेठी का कहना है कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना से बालिकाएं भी अपने भविष्य को सजाने संवारने का सपना देखने लगी हं। मंडलीय प्रोबेशन अधिकारी पुष्पेंद्र सिंह का कहना है|
कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना बेटियों के लिए अच्छी है। इसमें बेटियों की भी शिक्षा का ध्यान रखा गया है। इस योजना के क्रियान्वयन में सहारनपुर प्रदेश में छठे नंबर पर है। 32,724 बेटियों के खातों में धनराशि पहुंच गई है। प्रयत्न जारी है। संभव है कि अगले कुछ महीनों में सहारनपुर अव्वल स्थान हासिल करने में कामयाब हो जाए।

