Sunday, March 22, 2026
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मुलायम सिंह को सैफई में दी गई अंतिम विदाई

जनवाणी ब्यूरो |

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में अपने पैतृक गांव सैफई में दिग्गज राजनेता व धरतीपुत्र कहे जाने वाले मुलायम सिंह यादव का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ संपन्न हुआ। मंगलवार को सैफई में अपने प्रिय नेता को अंतिम विदाई देने के लिए लाखों कार्यकर्ताओं व राजनेताओं की भीड़ उमड़ पड़ी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, गृहमंत्री अमित शाह समेत कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों एवं दिग्गज राजनेताओं ने विभिन्न माध्यमों से एवं सेफाई पहुंचकर भी उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

गौरतलब है कि समाजवादी पार्टी के संस्थापक, संरक्षक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वह देश के पूर्व रक्षा मंत्री मुलायम सिंह यादव का सोमवार को गुरुग्राम के एक निजी अस्पताल में 82 वर्ष की आयु में निधन हो गया था। इसकी जानकारी बाकायदा समाजवादी पार्टी के टि्वटर हैंडल से खुद अखिलेश यादव ने यह करके दी कि मेरे पिताजी वह आपके प्रिय नेता जी नहीं रहे जिसके बाद से ही समर्थकों का हुजूम दिल्ली से लगाकर सफाई तक पहुंचने लगा। अस्पताल से उनके पार्थिव शरीर को सोमवार शाम सैफई लाया गया और उनके पैतृक आवास में रखा गया, जहां लोग “नेताजी” को अंतिम विदाई देने के लिए उमड़ पड़े। मुलायम सिंह यादव को सभी प्यार से “नेताजी’ कहकर बुलाते थे।

नेता जी का संबोधन स्व. सुभाष चंद्र बोस के बाद उत्तर प्रदेश के इस धरती पुत्र के नाम ही रहा। नेताजी का पार्थिव शरीर जब अंतिम संस्कार के लिए ले जाया जाने लगा तो नेताजी को चाहने वालों का ऐसा सैलाब उमड़ा कि पुलिस प्रशासन को संभालना भी मुश्किल हो गया। अंतिम संस्कार की प्रक्रिया में भारी भीड़ की मौजूदगी के चलते कई राजनीतिक हस्तियों को भीड़ के बीच जद्दोजहद करते देखा गया।

मंगलवार को बूंदा बांदी के बीच अंतिम दर्शन के लिए सैकड़ों लोगों की कतार में खड़े यादव के पार्थिव शरीर को घर से मंगलवार सुबह करीब एक किलोमीटर दूर मेला ग्राउंड परिसर में एक बड़े हॉल में ले जाया गया, ताकि लोग उन्हें अंतिम दर्शन दे सकें। पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे अखिलेश यादव, भाई शिवपाल यादव और परिवार के अन्य सदस्य फूलों की मालाओं से सजे ट्रक में सवार थे। वाहन के धीमी गति से चलने पर गांव की कंक्रीट की सड़क पर लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।

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अपने चेहते नेता के अंतिम संस्कार में शामिल होने पहुंचे लोग

पार्टी कार्यकर्ता और सैकड़ों लोग साइकिल, मोटरसाइकिल, कार और परिवहन के अन्य साधनों में सवार होकर अंतिम संस्कार के लिए मंगलवार की सुबह आस-पास और दूरदराज के इलाकों से सैफई पहुंचे। पूरा सैफई के लोग अपने घरों से बाहर निकले, कुछ छतों पर, कुछ मार्ग के किनारे पर चढ़ते हुए और कुछ बस उस वाहन को छूने का प्रयास कर रहे थे जिसमें उनके प्रिय नेताजी धरतीपुत्र मुलायम सिंह यादव को ले जाया जा रहा था।

सैफई के महोत्सव मैदान में मौजूद लाखों समर्थकों ने बार-बार ‘नेताजी अमर रहे- अमर रहे’ जब तक सूरज चांद रहेगा तब तक नेता जी का नाम रहेगा सहित तमाम गगनभेदी नारों से महोत्सव मैदान गुंजायमान रहा। जैसे ही वाहन समर्थकों, शुभचिंतकों और आम जनता के बीच से गुजरा, मुलायम के भाई शिवपाल यादव हाथ जोड़कर गाड़ी पर खड़े हो गए। अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए सैफई पहुंचे समाजवादी पार्टी लगभग सभी बड़े नेताओं तथा हजारों कार्यकर्ताओं का रेला सोमवार की शाम से ही सैफई पहुंचने लगा था जो अगले दिन देर शाम तक जारी रहा। विभिन्न क्षेत्रों से लोग अपने नेताजी को अंतिम श्रद्धांजलि देने आ रहे थे। देश भर से पार्टी कार्यकर्ता अपने प्रिय ‘नेताजी’ के अंतिम दर्शन के लिए इकट्ठा हुए और उन्हें अंतिम बार अलविदा कहा। प्रशंसकों के सैलाब ने तोड़ी पुलिस की बैरिकेटिंग

प्रशंसकों के सैलाब ने तोड़ी पुलिस की बैरिकेटिंग

‘नेताजी अमर रहे’ के नारों से गूंज उठी हवा, भावनाएं तेज हो गईं और बढ़ती भीड़ ने बैरिकेड्स तोड़ दिए क्योंकि मंगलवार को उनके पैतृक गांव सैफई में समाजवादी नेताओं में शुमार अंतिम सबसे बड़े नाम और सैफई की माटी के लाल मुलायम सिंह यादव को पंचतत्व में विलीन कर दिया गया। अंतिम संस्कार समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष एवं नेताजी के जेष्ठ पुत्र अखिलेश यादव ने किया, जिन्होंने भावनात्मक रूप से उत्तेजित माहौल में चिता को मुखाग्नि दी। समाजवादी नेता के पार्थिव शरीर को मंगलवार सुबह तक उनके आवास पर रखा गया, जब उन्हें विशेष रूप से बनाए गए पंडाल में ले जाया गया, जहां लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने आए।

कई दिग्गज नेताओं ने दी नेताजी को अंतिम विदाई

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राकांपा नेता शरद पवार, प्रफुल्ल पटेल और सुप्रिया सुले, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, कमलनाथ, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू, केंद्रीय मंत्री एसपी सिंह बघेल, कांग्रेस सांसद मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रमोद तिवारी उपस्थित लोगों में शामिल थे।

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