जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: देश की प्रमुख निजी ईंधन रिटेलर नायरा एनर्जी ने गुरुवार को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि की। पेट्रोल के दाम में 5 रुपये प्रति लीटर और डीजल में 3 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है।
वैश्विक तेल कीमतों में उछाल
सूत्रों के अनुसार, यह कदम अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों में हालिया तेजी के कारण उठाया गया। पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और अन्य भू-राजनीतिक तनाव के चलते कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 50% की बढ़ोतरी हुई है। भारत में लंबे समय से स्थिर कीमतें रहने के कारण निजी कंपनियों पर लागत का दबाव बढ़ गया था।
नायरा का परिचालन और असर
नायरा एनर्जी देश के लगभग 6,967 पेट्रोल पंप संचालित करती है। रूस की रोसनेफ्ट के स्वामित्व वाली कंपनी ने कीमत बढ़ाने का फैसला लिया है। राज्यों में स्थानीय करों के अनुसार दामों में हल्के अंतर भी देखने को मिल रहे हैं, जैसे कुछ जगह पेट्रोल 5.30 रुपये प्रति लीटर तक महंगा हुआ है।
अन्य कंपनियों का रुख
रिलायंस-जियो बीपी ने अब तक कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया, जबकि सरकारी तेल कंपनियां इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम अप्रैल 2022 से सामान्य कीमतों को स्थिर बनाए हुए हैं। निजी कंपनियों को नुकसान की भरपाई के लिए सरकारी सहायता नहीं मिलती।
प्रीमियम पेट्रोल और बल्क डीजल में बढ़ोतरी
सरकारी कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल (95 ऑक्टेन) में 2 रुपये और औद्योगिक उपयोग के लिए बल्क डीजल में 22 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की है। दिल्ली में प्रीमियम पेट्रोल अब 101.89 रुपये प्रति लीटर और बल्क डीजल 109.59 रुपये प्रति लीटर हो गया है।
कच्चे तेल पर निर्भरता और भविष्य की कीमतें
भारत अपनी कच्ची तेल की लगभग 88% जरूरत आयात करता है। क्षेत्रीय तनाव और भू-राजनीतिक स्थिति के आधार पर ईंधन कीमतों में आगे भी उतार-चढ़ाव संभव है। सरकार का कहना है कि पेट्रोल और डीजल डीरेगुलेटेड उत्पाद हैं और दाम तेल कंपनियों तय करती हैं।

