जनवाणी संवाददाता |
देवबंद: चैत्र नवरात्र के प्रथम दिन श्री त्रिपुर मां बाला सुंदरी देवी मंदिर पर श्रद्धालुओं का जमावड़ा लगा रहा। भक्तों ने माँ दुर्गा के प्रथम स्वरूप शैलपुत्री देवी की पूजा की। पीडब्ल्यूडी राज्यमंत्री कुंवर बृजेश सिंह भी मां का आर्शिवाद लेने के लिए मंदिर पहुंचे।
श्री त्रिपुर मां बाला सुंदरी देवी सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष पंडित सतेंद्र शर्मा ने बताया कि नवदुर्गा में प्रथम शैलपुत्री का महत्व और शक्तियां अनन्त है। नवरात्र में प्रथम दिन इन्हीं की पूजा की जाती है। पर्वतराज हिमालय के यहां पुत्री रूप में उत्पन्न होने के कारण इनका नाम शैलपुत्री पड़ा। पूर्व जन्म में ये प्रजापति दक्ष की कन्या थी तब इनका नाम सती था।
उनका विवाह भगवान शंकर के साथ हुआ था। प्रजापति दक्ष के यज्ञ में सती ने अपने शरीर को भस्म कर अगले जन्म में शैलराज हिमालय की पुत्री के रूप में जन्म लिया। नवरात्र के प्रथम दिन हजारों भक्तों ने मंदिर पहुंच माँ भगवती का आर्शिवाद लिया।
वहीं, पीडब्ल्यू राज्यमंत्री कुंवर बृजेश सिंह भी सुबह के समय मंदिर पहुंचे और माँ के दर्शन किए। इस दौरान उन्होंने मंदिर प्रांगण में स्थित अन्य पवित्र धार्मिक स्थलों पर भी जाकर पूजा अर्चना की। साथ ही एसडीएम संजीव कुमार और पालिका के अधिकारियों को मंदिर में सफाई, पेयजल और प्रकाश की समुचित व्यवस्था कराने को निर्देशित किया।

