- हिस्ट्रीशीटरों की लोकेशन पता करने के लिए एडीजी की टीम बनाने की सलाह
- सालों से अटकी विवेचनाएं न निपटाए जाने पर जतायी नाराजगी
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: पुलिस लाइन में बुलायी गयी क्राइम मीटिंग में इनामी बदमाशों के सवाल पर जनपद भर के तमाम थानेदार एडीजी के सामने बगले झांकते नजर आए। एडीजी धु्रव कुमार ने पुलिस लाइन में क्राइम मीटिंग बुलायी थी। इसमें एसएसपी रोहित सजवाण, एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह, एसपी देहात कमलेश बहादुर सिंह, एसपी ट्रैफिक राधवेन्द्र कुमार मिश्रा, एसपी क्राइम अमित कुमार के अलावा जनपद के सभी सर्किल आफिसर भी मौजूद रहे।
आउटपुट की जांच
दरअसल इस क्राइम मीटिंग का असली मकसद पिछली क्राइम मीटिंग के सापेक्ष थानेदारों की आउटपुट लेना था। क्राइम मिटिंग की शुरूआत एडीजी ने लंबित विवेचनाओं को लेकर की। उन्होंने सर्किलवार लंबित विवेचनाओं की कुंडली खंगालनी जब शुरू की तो तमाम थानेदार वगले झांकने लगे। बताया जाता है कि कुछ थाने तो ऐसे भी हैं जहां बीते दो से तीन साल से विवेचनाएं अटकी हुई हैं। एडीजी ने याद दिलाया कि पिछली बार भी जब उन्होंने क्राइम मीटिंग ली थी तब भी इसको लेकर हिदायत दी थी, लेकिन उसका कितना असर थानेदारों पर हुआ यह आज बुलायी गयी क्राइम मीटिंग में साफ हो गया।
इनामियां बदमाशों पर गुमशुम
क्राइम मीटिंग में जब एडीजी ने जिन अपराधियों पर इनाम का एलान किया चुका है सर्किलवार उनको लेकर जानकारी मांगी गयी तो तमाम थानेदारों का हलक सूखता नजर आया। इमनामियां बदमाशों को लेकर पूछे गए सवाल पर ज्यादातर ने चुप्पी साध ली। कुछ बता नहीं सके। इसको लेकर भी नाराजगी जतायी गयी।
हिस्ट्रीशीटर की लोकेशन करें ट्रेस
जितने भी हिस्ट्रीशीटर हैं उनकी लोकेशन ट्रेस करने के लिए टीम बनाई जाए। उनकी लोकेशन कहां हैं। वो क्या कर रहे हैं। कहां पर सक्रिय हैं यह सारी जानकारी थानेदार की डायरी में दर्ज होनी चाहिए। एडीजी ने कहा कि हर हाल में प्रजेन्ट लोकेशन की जानकारी होनी चाहिए।
वारदातों पर जतायी नाराजगी
एडीजी ने क्राइम मीटिंग में एकाएक चोरी व नकबजनी की वारदातों में आयी तेजी पर भी सख्त लहजे में नाराजगी जतायी। उन्होंने कहा कि जहां भी कोई घटना होती है, वहां के सीसीटीवी सबसे पहले चैक कर बदमाशों की धरपकड़ की जाए।
जहां पर सीसीटीवी कैमरे नहीं हैं, वहां पर सीसीटीवी कैमरों का इंतजाम किया जाए। सीसीटीवी कैमरे सही काम करते हुए होने चाहिए। इसके अलावा एडीजी ने कई अन्य बिंदुओं पर भी आवश्यक निर्देश व हिदायतें दीं।

एक ओर क्राइम मीटिंग, दूसरी ओर क्राइम
कानून व्यवस्था के मुददे पर सलाह व हिदायते देने के लिए एक ओर तो पुलिस लाइन में एडीजी मेरठ के पुलिसिया अमले के संग क्राइम मिटिंग ले रहे थे, वही दूसरी ओर आज परतापुर क्षेत्र में बदमाशों ने क्षेत्र में लूट की तीन ताबड़तोड़ वारदात कर मेरठ पुलिस को चुनौती दे डाली। आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर तैयारियों तथा इस दौरान कानून व शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एडीजी धु्रव कुमार की अध्यक्षता में आज पुलिस लाइन में क्राइम मिटिंग बुलायी गयी थी।
इसमें मेरठ पुलिस के तमाम आला अफसर, शहर व देहात के सभी सीओ, पुलिस लाइन के अधिकारी, जनपद भर के थानेदार समेत महकमे के तमाम अनुभागों के अफसर भी मौजूद थे। क्राइम मिटिंग का मुख्य मुद्दा कानून व्यवस्था बनाए रखना था, लेकिन परतापुर क्षेत्र में आज तीन वारदात अंजाम देकर बदमाशों ने सीधे कानून व्यवस्था को ही चुनौती दे डाली
लूट की तीन वारदात
परतापुर थाना क्षेत्र में बुधवार को बेखौफ बाइक सवार लुटेरों ने गनप्वाइंट पर तीन मोबाइल लूट लिए। बाइक सवार लुटेरों ने पहली घटना को संगम गेस्ट हाउस के सामने अंजाम दिया। यहां इटायरा निवासी कार्तिक पुत्र प्रेमपाल राणा बाइक से कैलाश प्रकाश स्टेडियम से गांव जा रहा था, तभी बाइक सवार लुटेरों ने उसको गनप्वाइंट पर लेकर मोबाइल लूट लिया। दूसरी घटना शताब्दीनगर सेक्टर-4सी के पास हुई
जहां भल्ला इंटरनेशनल में काम करने वाले दीपक कुमार पुत्र सुनील कुमार से बाइक सवार लुटेरों ने मोबाइल लूट लिया। तीसरी घटना घाट चौकी क्षेत्र में हुई जहां बाइक सवार लुटेरों ने शंकरनगर निवासी गार्ड रिंकू से मोबाइल लूट लिया। पीड़ित पक्षों ने थाने पर तहरीर दी हैं। तहरीर के बाद पुलिस घटनास्थल के आसपास सीसीटीवी कैमरे खंगालने में जुटी है।

