- बदमाशों ने गार्डों की पिटाई कर रस्सी से बांधकर कमरे में किया बंद
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: भावनपुर थाना क्षेत्र स्थित गंगासागर में बन रही नव निर्माणाधीन कालोनी सागर वाटिका में रविवार रात को दीवार तोड़कर बदमाश हथियारों से लैस होकर घुस गए। जब कालोनी में मौजूद गार्ड जितेंद्र निवासी बहलोलपुर थाना परीक्षितगढ़ निवासी ने जानकारी की तो एक बदमाश ने किसी बच्ची को तलाशने की जानकारी देते हुए तीनों गार्ड जितेंद्र, योगेंद्र व अजय को दबोचते हुए जमकर पिटाई कर उनके मोबाइल व नकदी लूटकर रस्सी से बंधते हुए एक कमरे में बंद कर दिया।
विद्युत लाइन में फाल्ट कर ट्रांसफार्मर को तोड़ने का प्रयास किया, लेकिन ट्रांसफार्मर के पलटने पर बदमाश उसको तोड़ नहीं सके। इस दौरान जनपद बागपत के निवाड़ा निवासी ओवेश पुत्र इसरार डंपर चालक रेत का पेमेंट लेकर लौट रहा था। बदमाशों ने उसे रोकते हुए 25 हजार की नकदी लूटकर फरार हो गए। बदमाशों के फरार होने के दौरान गार्डों का शोर सुनकर पड़ोस में सो रहे गार्ड कमलेश ने मामले की जानकारी कालोनी के अध्यक्ष वीरसेन को दी।

जिस पर वीरसेन ने पूरे प्रकरण के बारे में कंट्रोल रूम को सूचना दी। सूचना मिलते ही संबंधित थाना पुलिस के साथ सीओ सदर देहात देवेश सिंह, एसपी देहात अनिरुद्ध सिंह मयफोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी करते हुए गार्डों से पूछताछ की। वहीं, थाना भावनपुर इंस्पेक्टर आनंद गौतम ने बताया कि सर्विलांस टीम के साथ-साथ अन्य टीम भी गठित कर बदमाशों की तलाश की जा रही है।
पुलिस ने कालोनी अध्यक्ष वीरसेन की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर संबंधित धारा में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। बदमाश कालोनी में दो घंटे रहे। बदमाशों ने गार्डों को 10 घंटे तक कमरे में बंधक बनाये रखा, जिससे उनकी हालत बिगड़ गई। उनको बाद में अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हत्या के आरोप में आरोपी हुआ दोषमुक्त
मेरठ: न्यायालय अपर जिला जज कोर्ट संख्या-चार मेरठ उदयवीर सिंह ने हत्या के आरोप में आरोपी शादाब पुत्र हाजी मोहम्मद कदीर निवासी आजाद कॉलोनी, लिसाड़ी गेट को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया है। आरोपी के अधिवक्ता राहुल भड़ाना जुर्रानपुर ने बताया कि वादी मुकदमा मोहम्मद कादिर ने थाना लिसाड़ी गेट में गत 15 जनवरी 2009 को रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसका भाई यासीन सुबह फजिर की नमाज पढ़ने गया था।
जिसकी सुबह करीब सात बजे अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर उसकी हत्या कर दी है। जांच में आरोपी का नाम प्रकाश में आया था। इस मुकदमे में गवाह शाहिद खान पुत्र अब्दुल खलील ने आरोपी के खिलाफ न्यायालय में गवाही दी थी कि उसके दत्तक पुत्र आरोपी शादाब ने संपत्ति के लालच में मोहम्मद यासीन की मृत्यु कर दी है। जिसका आरोपी के अधिवक्ता ने न्यायालय में कड़ा विरोध किया। न्यायालय ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य को देखते हुए आरोपी को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया है।

