जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की बेटी और सारण से चुनाव लड़ चुकीं रोहिणी आचार्य ने रविवार को एक्स (Twitter) पर एक और भावुक पोस्ट डालकर राजनीतिक हलचल तेज कर दी है। शनिवार (16 नवंबर) को राजनीति और परिवार छोड़ने का एलान करने के बाद रोहिणी ने अब खुलकर आरोप लगाए हैं कि उन्हें अपमानित किया गया, गंदी गालियां दी गईं और मारने के लिए चप्पल तक उठाई गई।
“मुझे अनाथ बना दिया गया” — रोहिणी का दावा
अपनी पोस्ट में रोहिणी ने लिखा “कल एक बेटी, एक बहन, एक शादीशुदा महिला, एक मां को जलील किया गया। गंदी गालियां दी गईं, मारने के लिए चप्पल उठाई गई। मैंने अपने आत्मसम्मान से समझौता नहीं किया, सच का समर्पण नहीं किया, सिर्फ इसी वजह से मुझे बेइज्जती झेलनी पड़ी।”
उन्होंने आगे लिखा “कल एक बेटी मजबूरी में अपने रोते हुए मां-बाप, बहनों को छोड़ आई। मुझसे मेरा मायका छुड़वाया गया, मुझे अनाथ बना दिया गया। आप सब मेरे रास्ते कभी न चलें। किसी घर में रोहिणी जैसी बेटी-बहन पैदा न हो।”
कल एक बेटी, एक बहन , एक शादीशुदा महिला , एक माँ को जलील किया गया , गंदी गालियाँ दी गयीं , मारने के लिए चप्पल उठाया गया , मैंने अपने आत्मसम्मान से समझौता नहीं किया, सच का समर्पण नहीं किया , सिर्फ और सिर्फ इस वजह से मुझे बेइज्जती झेलनी पडी ..
— Rohini Acharya (@RohiniAcharya2) November 16, 2025
कल एक बेटी मजबूरी में अपने रोते हुए…
तेजस्वी यादव के सहयोगियों पर गंभीर आरोप
एक दिन पहले रोहिणी ने अपने भाई और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव पर भी गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने दावा किया कि तेजस्वी और उनके करीबी संजय यादव और रमीज ने उन्हें परिवार से बाहर कर दिया।
एएनआई से बातचीत में रोहिणी ने कहा “जैसे ही मैंने संजय यादव और रमीज का नाम लिया, मुझे घर से निकाल दिया गया।” “मुझे गालियां दी गईं, मारा गया। अब मेरा कोई परिवार नहीं है। जो भी जिम्मेदारी है, वह तेजस्वी और उनके साथियों की है।”
रोहिणी का कहना है कि बिहार चुनाव में राजद की करारी हार के बाद जवाबदेही मांगना ही उनके लिए घातक साबित हुआ।
कौन हैं संजय यादव और रमीज?
संजय यादव — हरियाणा में जन्मे, 2012 में राजद से जुड़े, तेजस्वी के बेहद करीबी माने जाते हैं। 2024 में पार्टी ने उन्हें राज्यसभा भेजा।
रमीज — तेजस्वी के पुराने दोस्त, जिनका संबंध यूपी के एक प्रभावशाली राजनीतिक परिवार से बताया जाता है।
रोहिणी का आरोप है कि यही दोनों उन्हें राजनीति और परिवार से दूर करने के लिए जिम्मेदार हैं।
परिवार और पार्टी में बढ़ी बेचैनी
रोहिणी के लगातार आरोपों ने राजद परिवार के भीतर तनाव बढ़ा दिया है। पार्टी की ओर से अब तक इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन रोहिणी के बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं और राजनीतिक गलियारों में चर्चा का केंद्र बने हुए हैं।

