जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के मेरठ जनपद में बैंगलुरू के कांग्रेस पार्टी के दलित विधायक के भतीजे के सिर पर 51 लाख का इनाम घोषित करना एक तथाकथित समाजसेवी को भारी पड़ गया।
सोशल मीडिया पर मैसेज वायरल होने के 24 घंटे के अंदर ही शुक्रवार को पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। एसपी देहात अविनाश पांडेय ने बताया कि फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है।

कांग्रेस पार्टी के दलित विधायक के भतीजे पर आपत्तिजनक पोस्ट का आरोप
बता दें कि बेंगलुरु के पुलकेशीनगर विधानसभा सीट से कांग्रेस पार्टी के दलित अखंड श्रीनिवास मूर्ति एमएलए हैं। वर्तमान समय में अखंड श्रीनिवास मूर्ति कांग्रेस के सदस्य हैं। अखंड के भतीजे नवीन ने तीन दिन पहले फेसबुक पर संप्रदाय विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट डाली थी। जिसके बाद बेंगलुरु में हिंसा भड़क उठी।
गुस्साई भीड़ ने कांग्रेस पार्टी के दलित एमएलए अखंड श्रीनिवास मूर्ति के घर में आगजनी का प्रयास भी किया। इसी हिंसा में जहां तीन लोगों की मौत हो गई, वहीं कई लोग घायल हुए थे। हालांकि मामला बढ़ता देख अखंड के भतीजे नवीन ने आपत्तिजनक पोस्ट को डिलीट कर दिया था।
इस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने नवीन और हिंसा भड़काने के आरोपी एक मुस्लिम नेता सहित सैकड़ों आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
मेरठ से किया गया मामले को हवा देने का प्रयास
इस मामले को तूल देते हुए शुक्रवार को मेरठ के फलावदा थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव के रहने वाले तथाकथित समाजसेवी शाहजेब रिजवी ने सोशल मीडिया पर एक बयान जारी किया था।
इस बयान में शाहजेब ने कांग्रेस पार्टी के दलित विधायक अखंड श्रीनिवास मूर्ति के भतीजे नवीन का सिर कलम करने वालों को 51 लाख का इनाम देने की घोषणा की थी।
शाहजेब का कहना था कि आरोपी नवीन ने पूरे मुस्लिम समाज की तौहीन की है। इसलिए मुस्लिम समाज के सभी लोग चंदा करके इनाम की राशि एकत्र करेंगे।

