- नवंबर के प्रथम सप्ताह में आलू की नई फसल आने से दाम कम होने की संभावनाएं
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: आलू के दामों से जनता को हो रही परेशानी से जल्द राहत मिल सकती है। आलू की फसल उगाने वालें किसानों की माने तो दो सप्ताह के बीच आलू के रेट आधे होने की संभवनाए प्रबल है। जल्द ही मंडी में नए आलू दिखाई देंगे। जिससे कि उत्पादन बढ़ने के बाद दामों में गिरावट होंगी।
दरअसल पिछले तीन से चार महीने में आलू के दाम 100 फीसदी के बढ़ोतरी देखी जा सकती हैं। जो आलू अप्रैल माह में 20 से 25 रुपये किलो मिल रहा था, वह आलू अब 40 से 50 रुपये किलो मिल रहा है। वहीं, गत वर्ष दिसंबर-2019 के मुकाबले इसकी कीमतें तीन गुना तक बढ़ी हैं। जिससे जनता को परेशानी उठानी पड़ रही हैं।
दीवाली से पहले मिल सकती है राहत
नबंवर के प्रथम सप्ताह में आलू की कीमत में गिरावट आनी शुरू हो जाएगी। क्योंकि उत्तर प्रदेश व अन्य राज्य में आलू की आवक बढ़ने की संभवानाए जतायी जा रही हैं। आवक बढ़ने के बाद आलू के दाम में गिरावट होगी। जहां देश में इसका सबसे अधिक उत्पादन होता है।
बारिश का असर
पंजाब, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में अक्टूबर में बेमौसम बारिश से आलू की फसल को नुकसान हुआ था। आलू की उगाई भी धीमी हो गई थी। कम उत्पादन और ज्यादा मांग होने की वजह से आलू के भाव आसमान छू रहे हैं, लेकिन अब फसल नई फसल आने से राहत मिलेगी।
लोहिया नगर स्थित सब्जी मंडी के आढ़ती गौरव सोनकर ने कहा कि कि बेमौसम बारिश के कारणवश पंजाब और अन्य राज्य में आलू की फसल खराब होने और इस वजह से उत्पादन कम होने के कारण आलू के भाव में बढ़ोतरी हुई है। जहां कोल्ड स्टोर में 50 हजार से 60 हजार आलू के कट्टे रहते थे, वही अब यह सिर्फ तीन हजार से चार हजार आलू के कट्टे रह गए हैं।
राजकुमार सोनकर लोहियानगर मंडी के अध्यक्ष का कहना है कि अगले कुछ दिनों में आलू के भाव में राहत मिलने के आसार है। पंजाब में अच्छी आलू की फसल है। आज भी आलू के कट्टे में 100 रुपये की गिरावट है। जल्द ही बाजार में नए आलू आ जायंगे। जिससे आम लोगों को काफी रहत मिल सकती है, लेकिन इसके लिए अभी इंतजार करना होगा।



