जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के कारण वैश्विक बाजार अस्थिर बने हुए हैं और इसका असर भारतीय शेयर बाजारों पर भी पड़ा है। सोमवार को शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी दोनों में भारी गिरावट दर्ज की गई। विदेशी निधियों की लगातार निकासी ने घरेलू बाजार की कमजोरी को और बढ़ा दिया।
सेंसेक्स और निफ्टी में शुरुआती कारोबार में गिरावट
शुरुआती कारोबार में 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 1,191.24 अंक गिरकर 72,391.98 पर आ गया, जबकि 50 शेयरों वाला निफ्टी 349.45 अंक गिरकर 22,470.15 पर पहुंच गया। इस दौरान रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले अपने सर्वकालिक निचले स्तर से 128 पैसे मजबूत होकर 93.57 पर कारोबार कर रहा था।
सेंसेक्स कंपनियों का प्रदर्शन
सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से एक्सिस बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक, बजाज फिनसर्व, बजाज फाइनेंस, भारती एयरटेल और आईसीआईसीआई बैंक सबसे बड़े पिछड़ने वालों में शामिल रहे। वहीं, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, रिलायंस इंडस्ट्रीज, पावर ग्रिड, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज और हिंदुस्तान यूनिलीवर ने लाभ कमाया।
एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख
एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कोस्पी, जापान का निक्केई 225, और हांगकांग का हैंग सेंग सूचकांक तेजी से नीचे कारोबार कर रहे थे, जबकि शंघाई का एसएसई कंपोजिट सूचकांक सकारात्मक क्षेत्र में बना रहा।
अमेरिकी बाजार में शुक्रवार को गिरावट
इसके पहले शुक्रवार को अमेरिकी बाजारों में भी भारी गिरावट आई। नैस्डैक कंपोजिट में 2.15%, डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज में 1.73% और एसएंडपी 500 में 1.67% की गिरावट दर्ज की गई।
विदेशी निवेशकों का रिकॉर्ड बहिर्वाह
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, कमजोर रुपये और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण विदेशी निवेशकों ने मार्च में घरेलू शेयर बाजार से 1.14 लाख करोड़ रुपये (लगभग 12.3 अरब डॉलर) निकाल लिए। यह अब तक का सबसे बड़ा मासिक बहिर्वाह है।
विशेषज्ञों की राय
लिवेलॉन्ग वेल्थ के संस्थापक के अनुसार यह दबाव मुख्यतः बाहरी कारकों से उत्पन्न हुआ है। उन्होंने कहा कि भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें निवेशकों की भावना पर लगातार असर डाल रही हैं। पश्चिम एशिया संघर्ष के पांचवें सप्ताह में प्रवेश करने के साथ ही वैश्विक बाजारों में कमजोरी बढ़ गई है। यमन के हौथियों द्वारा इजरायल पर कथित मिसाइल हमलों के बाद स्थिति और बिगड़ गई है, जिससे क्षेत्र में लंबे समय तक अस्थिरता की आशंकाएं बढ़ गई हैं।
ब्रेंट क्रूड की कीमत में गिरावट
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड की कीमत 2.32% गिरकर 115.3 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल हो गई। बाजार आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने शुक्रवार को 4,367.30 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,566.15 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। इस दिन सेंसेक्स 1,690.23 अंक (2.25%) गिरकर 73,583.22 पर और निफ्टी 486.85 अंक (2.09%) गिरकर 22,819.60 पर बंद हुआ।
घरेलू संस्थागत निवेशकों का संतुलन
बाजार आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने शुक्रवार को 4,367.30 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,566.15 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। इस दिन सेंसेक्स 1,690.23 अंक (2.25%) गिरकर 73,583.22 पर और निफ्टी 486.85 अंक (2.09%) गिरकर 22,819.60 पर बंद हुआ।

