जनवाणी ब्यूरो |
लखनऊ: कई अस्पतालों में संतोषजनक इलाज न मिलने से मायूस एक गंभीर रोगी को गोमतीनगर स्थित सहारा हॉस्पिटल में कारगर इलाज मिला। गैस्ट्रो सर्जन डा. अजय यादव ने उसके गाल ब्लैडर के कैंसर की चुनौतीपूर्ण सर्जरी में सफलता पायी। इस मरीज को किडनी, बीपी और हृदय की बीमारी थी। बेहतर उपचार मिलने पर मरीज और उसके परिजनों ने डॉक्टर और प्रबंधन की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
जानकारी के अनुसार रायबरेली निवासी 49 वर्षीय मो. रियाज को ज्वाइंडिस की शिकायत हुई। उन्होंने सहारा हॉस्पिटल के गैस्ट्रो विभाग के डॉक्टर अंकुर गुप्ता को दिखाया। डॉक्टर ने मरीज का अल्ट्रासाउंड, सीटी, एमआरआई और बायोप्सी भी करवाई। जांच में एक नस में गांठ का पता चला। डॉक्टर अंकुर गुप्ता ने बताया कि उसे गाल ब्लैडर का कैंसर है, इसका ऑपरेशन करना होगा। तब मरीज ने फिर सरकारी हॉस्पिटल में और फिर मुंबई में भी एक हॉस्पिटल में दिखाया, जहां मरीज की गंभीर हालत के कारण ऑपरेशन करने से मना कर दिया।
फिर मरीज को सहारा हॉस्पिटल के गैस्ट्रो सर्जन डॉ. अजय यादव ने परामर्श देते हुए बताया कि मरीज का प्रोटीन लेवल बहुत कम और किडनी, बीपी के साथ हृदय रोग है। ऐसी हालत में उसका ऑपरेशन करना काफी जोखिम भरा है। इसके बावजूद भी डॉ. अजय यादव ने सर्जरी करने का निर्णय लिया। लगभग साढ़े आठ घंटे तक चले अपारेशन के बाद सर्जरी में सफलता मिली। कुछ दिनों बाद मरीज को हॉस्पिटल से छुट्टी मिली और सभी रिपोर्ट सामान्य आयी।
सहारा इंडिया परिवार के वरिष्ठ सलाहकार अनिल विक्रम सिंह बताया कि हमारे डॉक्टरों की टीम हर चुनौती व जटिलताओं से निपटने के लिए निरंतर तत्पर रहती है और इलाज देकर सहारा हॉस्पिटल में नये आयाम स्थापित कर रही है। यह जटिल सर्जरी की सफलता उसी क्रम में एक कड़ी है।

