जनवाणी संवाददाता |
नजीबाबाद: मां भागीरथी गंगा नदी हरिद्वार से अपने गतंव्य को कांवर से जल लेकर आने वाला हर शिवभक्त जब स्वयंभू मोटा महादेव मंदिर पर ठहर जाता है। यह पवित्र स्थान उनकी कांवर यात्रा का पहला पड़ाव है। मान्यता है कांवर का पहला जल प्राचीन स्वंभू मोटा महादेव शिवलिंग पर चढ़ता है।
मान्यता व विश्वास है कि पहला जलाभिषेक यहां शिवलिंग पर करने व भैरव बाबा का सोंटा लगवाने से कांवरियों की थकान मिटती है और उसकी शेष मंजिल निर्बाध पूरी करने का भोले बाबा का आशीर्वाद मिलता है।
हरिद्वार से नजीबाबाद होकर गुजरने वाले कांवरियों के मोटा महादेव मंदिर पर जलाभिषेक किए बिना कांवर यात्रा अधूरी रह जाती है। यहीं कारण है भोले के भक्त यहां कतारबद्ध होकर अपने जलाभिषेक के लिए लंबा इंतजार करते हैं।
अधिक जानकारी हेतु पढ़ें दैनिक जनवाणी

