- मेरठ में भाजपा के तीन विधायक, जिसमें से दो बनाए गए राज्यमंत्री, यह शहर के लिए बड़ी उपलब्धि
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने क्रांतिधरा को दो राज्यमंत्रियों का तोहफा दिया हैं। तीन विधायक मेरठ में भाजपा के हैं, जिसमें से दो राज्यमंत्री बनाये गए हैं। यह क्रांतिधरा के लिए बड़ी उपलब्धि हैं। हस्तिनापुर से विधायक दिनेश खटीक को राज्यमंत्री बनाया गया हैं। पिछली सरकार में भी वह राज्यमंत्री थे।
इस बार फिर योगी आदित्यनाथ के दूसरे टर्म में भी उनको रिपीट किया गया है। दिनेश खटीक की हस्तिनापुर क्षेत्र में अच्छी पकड़ है, जिसके चलते दूसरी बार लगातार जीत दर्ज कर कई मिथक भी तोड़े हैं। यहां पर लगातार दो बार कोई विधायक ही नहीं बन पाया हैं। दिनेश ने इन मिथक को तोड़कर दूसरी बार प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री भी बन गए हैं। उनके अलावा मेरठ दक्षिण विधानसभा सीट से भाजपा विधायक डा. सोमेन्द्र तोमर को राज्यमंत्री बनाया गया है।

डा. सोमेन्द्र वैसे तो मूल रूप से बागपत के रहने वाले हैं, लेकिन छात्र राजनीति मेरठ विश्वविद्यालय से आरंभ की तो यहां की राजनीति में सक्रिय होकर रह गए। छात्र राजनीति से लेकर उनका यह सफर अब प्रदेश के राज्यमंत्री तक जा पहुंचा हैं, वह भी बहुत कम आयु में। डा. सोमेन्द्र युवा हैं तथा सक्रिय भी हैं।
कहा यह जा रहा है कि डा. सोमेन्द्र 20 घंटे समाज के बीच रहते हैं, जिसके चलते उनको मेरठ दक्षिण क्षेत्र से बड़ी जीत हासिल हुई। डा. सोमेन्द्र का नाम पिछली सरकार में भी मंत्रिमंडल में शामिल करने का चला था। सोमेन्द्र का पश्चिमी यूपी की गुर्जर बिरादरी में अपना अच्छा वजूद हैं, जिसके चलते भी उनको यह तोहफा भाजपा शीर्ष नेताओं ने दिया हैं।
दिनेश की लखनऊ में शपथ, मेरठ घर पर सन्नाटा
हस्तिनापुर के विधायक दिनेश खटीक जहां लखनऊ में राज्यमंत्री की शपथ ले रहे थे, वहीं उनके मेरठ स्थित आवास सन्नाटा था। कहा गया कि पूरा परिवार लखनऊ शपथ ग्रहण समारोह में गया हुआ हैं। घर पर उनके माता-पिता हैं। मां का हाल ही में आॅपरेशन हुआ हैं, जिसके चलते भी घर पर किसी तरह का आयोजन नहीं किया गया।

क्योंकि उन्हें शोर-शराबे से दूर रहने की डॉक्टरों ने सलाह दी हैं। इस वजह से भी दिनेश के घर पर कोई ढोल-नगाड़े नहीं बजाये गए। फिर उनके भाई, पुत्र और परिवार के अन्य सदस्य भी लखनऊ शपथ ग्रहण में ही गए हुए थे।
हस्तिनापुर का विकास प्राथमिकता: खटीक
हस्तिनापुर का विकास ही पहली प्राथमिकता रहेगी। तटबंद बनवाना हस्तिनापुर के लिए विशेष पैकेज की सीएम योगी आदित्यनाथ से मांग की जाएगी। क्योंकि वह इसका हस्तिनापुर में ऐलान भी कर गए थे। यह कहना था राज्यमंत्री की शपथ लेने वाले दिनेश खटीक का। राज्यमंत्री की शपथ लेने के बाद दिनेश खटीक आत्मविश्वास से लबरेज हैं। उनका कहना है कि कुछ बांध पीछे स्वीकृत कराये गए थे, उनका निर्माण कराया जाएगा। सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। हस्तिनापुर पिछड़ा क्षेत्र हैं,यहां पर जितना भी काम किया जाए कम होगा।
मंडप में रुके थे समर्थक
लखनऊ में दिनेश खटीक बड़ी तादाद में समर्थकों को लेकर बसों से शपथ ग्रहण समारोह में पहुंचे थे। एक लखनऊ के मंडप में समर्थकों के रुकने की व्यवस्था की गई थी, जहां पर चाय पार्टी और फिर दोपहर में भोजन कराया गया। शपथ ग्रहण समारोह के बाद भी लखनऊ स्थित उनके आवास पर स्वागत कार्यक्रम हुआ। यहां पर समर्थकों को रात्रि का भोजन कराया गया, जिसके बाद समर्थकों को रात्रि 8 बजे लखनऊ से मेरठ के लिए रेफर किया गया।
दिनेश का बढ़ गया कद
महाभारतकालीन हस्तिनापुर की धरती को भाजपा हाईकमान ने पूरा सम्मान दिया। दिनेश खटीक को राज्यमंत्री पद से नवाजा गया है। ऐसा करके अनुसूचित जाति के लोगों को भी भाजपा ने साधने की कोशिश की हैं। आरआरएस से लंबे समय तक जुड़े रहे दिनेश खटीक को योगी आदित्यनाथ की सरकार में फिर से मंत्रिमंडल में जगह देकर एक तीर से कई निशाने साधने की कोशिश की गई।
कभी आम कार्यकर्ता से सफर की शुरुआत करने वाले दिनेश खटीक ने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि पार्टी इतना बड़ा सम्मान उसे देगी। सेवा की शुरुआत आरआरएस की, फिर भाजपा में मोर्चा संभाला। जिला स्तर के पद से लेकर तमाम पदों पर रहे, इसके बाद आगे बढ़ते चले गए। भाजपा ने पहली बार 2017 में हस्तिनापुर से चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की। क्रांतिधरा के इतिहास में लगातार दूसरी बार मंत्री बनने वाली श्रेणी में दिनेश खटीक का नाम दर्ज हो गया हैं।
कठिन चुनाव जीतने का तोहफा मिला दिनेश खटीक को
पुरानी परंपरा है कि जिस पार्टी के पास हस्तिनापुर सीट है उसकी सरकार प्रदेश में बनती है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पहले कार्यकाल में दिनेश खटीक ने जीत दर्ज की थी और सरकार के आखिरी चरणों में सरकार में इनको बाढ़ राज्यमंत्री बनाया गया था। इस बार हस्तिनापुर सीट पर समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी योगेश वर्मा को कड़े मुकाबले में हराने के कारण एक बार फिर से भाजपा हाईकमान ने दिनेश खटीक को उनके कड़े परिश्रम को देखते हुए पुरस्कार के रूप में मंत्री पद दिया है।
बचपन से संघ से जुड़े रहने और तमाम आंदोलनों में अहम् भूमिका निभाने वाले दिनेश खटीक को योगी सरकार के 2.0 कार्यकाल में फिर से राज्य मंत्री बनाये जाने पर निश्चित रूप से निश्चित रूप से दलित समाज खुश होगा। पिछले चुनाव में जब भाजपा के छह विधायक जीते थे तब भी दिनेश खटिक को ज्यादा तवज्जो देते हुए राज्य मंत्री बनाया गया था। वेस्ट यूपी में जाट मुस्लिम गठबंधन और एंटी कंबेंसी के बावजूद समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी योगेश वर्मा को हराकर दिनेश खटीक ने हस्तिनापुर से जुड़ी पुरानी परंपरा का निर्वाहन कराया है।
इस कारण इस सीट पर भाजपा की जीत काफी अहम् मानी जा रही है। वेस्ट यूपी के तमाम नेताओं पर संशय व्यक्त किया जा रहा था, लेकिन दिनेश खटीक का नाम शुरु से मंत्री पद की सूची में जुड़ गया था। मंत्री बनने की खबर लगते ही गंगानगर स्थित आवास पर लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई और बधाइयां देने लगे। दिनेश खटीक के लखनऊ में होने के कारण उनके परिवार के लोगों ने बधाइयां स्वीकार की।

