- नेहरू स्टेडियम में एनआईएस खेल प्रशिक्षकों की बैठक हुई
जनवाणी ब्यूरो |
बिजनौर: नेहरू स्टेडियम बिजनौर में डिप्लोमा धारी खेल प्रशिक्षक संघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह का आगमन हुआ तथा उनकी अध्यक्षता में जिला बिजनौर के एनआईएस खेल प्रशिक्षकों की बैठक हुई। बैठक में प्रदेश डिप्लोमा धारी खेल प्रशिक्षक संघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने अपनी बातें रखीं।
उन्होंने कहा कि संघ को मजबूत करने के लिए जिला व मंडल स्तर पर बैठक जारी रहेंगी, वर्षों से प्रशिक्षण के कार्य कर रहे प्रशिक्षकों को विभाग में नियमित किया जाए, प्रशिक्षण लेने वाले खिलाड़ियों को संतुलित आहार की व्यवस्था की जाए।
साथ ही बैठक में कहा गया कि जिला बिजनौर में एकमात्र स्टेडियम नेहरू स्टेडियम में उप क्रीड़ा अधिकारी जयवीर सिंह के अलावा एक भी कोच नहीं है। यह जिला बिजनौर के खिलाड़ियों के साथ छलावा नहीं तो और क्या है। कुछ ऐसा ही हाल पूरे प्रदेश के स्टेडियमों का भी है। बैठक में वॉलीबाल प्रशिक्षक अजीत सिंह ने कहा कि प्रशिक्षकों की भर्ती के लिए जेम पोर्टल की ठेकेदारी प्रथा को शुरू करने के बजाय पूर्व की भांति रखा जाए।
कबड्डी प्रशिक्षक पुष्पेंद्र सिंह ने कहा कि प्रशिक्षकों की नियुक्ति में गैर जनपदीय अनिवार्यता को खत्म किया जाए। हॉकी कोच चित्रा चौहान ने कहा कि उत्तर प्रदेश जैसे 24 करोड़ वाले विशाल प्रदेश में जहां 75 जनपद है। वहां पर प्रशिक्षकों की संख्या कम से कम 10 हजार होनी चाहिए। जबकि पूरे प्रदेश में वर्तमान में एक भी खेल प्रशिक्षक नहीं है।
यह उत्तर प्रदेश की जनता के लिए दुर्भाग्य एवं सरकार के लिए शर्म की बात है। बैठक का संचालन कर रहे कुश्ती कोच धर्म देव सिंह भाटी ने कहा कि यदि उत्तर प्रदेश के खेलों को बचाना है, तो कोचिंग का कार्य पूरे वर्ष संचालित किया जाए। जिससे प्रदेश के खिलाड़ियों की प्रतिभा निखर कर सामने आए।

