- कोई शादी से लौट रहा था घर तो कोई रिश्तेदारी में आया था
- हादसा तीन परिवारों को दे गया जिंदगी भर का गम
जनवाणी संवाददाता |
थानाभवन: शुक्रवार दोपहर को चरथावल बस स्टैंड पर जो कुछ भी हुआ उसे ब्लैक फ्राइडे कहें तो बुरा नहीं होगा। दर्जनों की भीड़ में अपने घर पहुंचने की उम्मीद लगाए बैठे तीन परिवारों की उम्मीदों पर एक रोडवेज बस का पहिया अचानक से पानी फेरकर चला गया। रोडवेज बस के यात्रियों को कुचलते ही हाइवे पर हाहाकार मच गया। लोगों से लेकर बच्चों की चीख पुकार सुनकर वहां मौजूद हर व्यक्ति का दिल पसीज गया।
इस हादसे में जिन तीन परिवारों ने अपने बच्चों को खोया, वह तीनों ही अपने रिश्तेदारों के यहां से अपने घर लौटने के लिए रोडवेज बस का इंतजार कर रहे थे। इस हादसे ने मानों गांव लुहारी खुर्द निवासी देवीचंद को तो इकलौता चिराग ही बुझा दिया। दरअसल, देवीचंद दो दिन पहले शामली में अपनी बहन के यहां एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए पत्नी नीशू व 12 साल के लड़के रोहित के साथ गया था। शुक्रवार को वापस लौटते वक्त वह चरथावल बस स्टैंड पर मुजफ्फरनगर जाने वाली बस का इंतजार कर रहे थे, ताकि घर पहुंच सके। हादसे में रोहित की मौत हो गई और नीशू के भी दोनों पैर कुचले गए। नीशू की हालत भी गंभीर बनी हुई है।

ससुराल गया था मोहित
हादसे का शिकार हुआ दूसरा परिवार बागपत जिले के गांव निरपुड़ा का रहने वाला है। गांव निरपुड़ा निवासी मोहित अपनी पत्नी अंजू, बेटे कार्तिक तीन वर्ष व मयंक नौ माह के साथ कुछ दिन पूर्व क्षेत्र के गांव युनूसपुर अपनी ससुराल आया था। शुक्रवार दोपहर को वह युनूसपुर से वापस अपने गांव के लिए चला।
घटना के वक्त वह चरथावल बस स्टैंड पर शामली जाने वाली बस का इंतजार कर रहा था। हादसे में जहां मयंक की मौत हो गई, वहीं उसकी पत्नी अंजू व बड़ा बेटा कार्तिक अस्पताल में जिंदगी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। परिजनों के अनुसार मोहित हरियाणा की किसी निजी कंपनी में काम कर परिवार का पालन पोषण करता है।
बुआ के यहां जलालाबाद आई थी जूली
हादसे का शिकार हुआ तीसरा परिवार रूड़की के गांव इब्राहिमपुर निवासी प्रवेश का है। प्रवेश की पत्नी जूली मूलरूप से मुजफ्फरनगर के गांव सलेमपुर की रहने वाली है और वह कुछ दिन पहले अपने मायके सलेमपुर आई थी। यहां से दो दिन पहले जूली अपनी बेटी इशिका व भतीजी जाहन्वी को साथ लेकर जलालाबाद स्थित अपनी बुआ के यहां आई थी।
शुक्रवार को जूली भी दोनों बच्चों के साथ वापस सलेमपुर जाने के लिए चरथावल बस स्टैंड पर बस का इंतजार कर रही थी कि रोडवेज बस ने उनकी खुशियों पर पानी फेर दिया। हादसे में जूली की बेटी इशिका की मौत हो गई। जबकि खुद जूली व भतीजी जाह्नवी को गंभीर हालत में जिला अस्पताल भेज दिया गया है।

