Saturday, March 7, 2026
- Advertisement -

यात्रीगढ़ कृपया ध्यान दें, अब सबको मिलेगी कंफर्म टिकट

नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक अभिंनदन और स्वागत है। त्योहार के समय ट्रेन में सफर करना बेहद मुश्किल होता है क्योंकि इस वक्त कंफर्म टिकट लोगों को मिलने में काफी समस्या आती है। वही दीपावली, होली और छठ पर्व जैसे त्योहारों में बड़ी संख्या में लोग अपने घर जाते हैं। ऐसे में जब उन्हें कंफर्म टिकट नहीं मिलता है, तब उन्हें यात्रा में काफी परेशानी होती है। लेकिन, अब ऐसा नहीं होगा भारतीय रेलवे ने इस समस्या को दूर करने के लिए खास योजना तैयार की है। जिसके तहत अब लोगों को आसानी से कंफर्म टिकट मिल सकेंगे इतना ही नहीं भारतीय रेलवे में 3000 नई ट्रेनें भी शामिल होंगी।

चार से पांच हजार किमी. का ट्रैक भी होगा तैयार

देश में रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर को लगातार बढ़ाया जा रहा है और नई-नई सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन भी चलाई जा रही है ताकि लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर यात्रा करन में आसानी हो सके। करंट सिनेरियो की बात की जाए तो अभी रोजाना लगभग 10748 ट्रेन में चल रही है वहीं रेलवे मंत्रालय की योजना है कि आगामी 4 साल के अंदर इसको 13000 करने की तैयारी है। क्योंकि जिस प्रकार से ट्रेन में यात्रा करने वालों की संख्या में तेजी से इजाफा हो रहा है। ऐसे में ट्रेनों की संख्या भी अधिक चाहिए ताकि लोग आसानी से अपना सफर पूरा कर सके इतना ही नहीं भारतीय रेलवे द्वारा हर साल 4 से 5000 किलोमीटर का नया ट्रैक भी तैयार किया जा रहा है ताकि ट्रेन समय से पहुंच सके और ट्रेन हादसों में भी कमी आ सके।

पुल-पुश तकनीक का किया जाएगा उपयोग

वहीं भारतीय रेलवे के डाटा अनुसार अभी सालाना 800 करोड़ यात्री ट्रेन से यात्रा करते हैं वही आने वाले सालों में इसकी संख्या लगभग 1000 करोड़ यात्री पहुंचने वाली है। जिसको लेकर अभी से रेलवे मंत्रालय द्वारा तैयारियां की जा रही है। लगातार ट्रैक को बढ़ाई जा रहे हैं और हाई स्पीड ट्रेनों की संख्या में जाप किया जा रहा है ताकि कम समय में ज्यादा दूरी तय की जा सके इसके लिए पुल-पुश तकनीक की मदद भी ली जा रही है। इस तकनीक से एक्सीलरेशन और डेसिलरेशन को बढ़ाया जा सकता है।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

बच्चों को भी देना चाहिए सम्मान

सिद्धार्थ ताबिश मेरा बड़ा बेटा इस बात को सुनकर बड़ा...

युद्ध का सीजन बारहों महीना

जो युद्ध के कारोबारी हैं, उनका सीजन बारहों महीना...

मध्य पूर्व के सतत झगड़े के वैश्विक निहितार्थ

मध्यपूर्व जिसे भारत के संदर्भ में पश्चिमी एशिया कहा...

नीतीश युग का अवसान

बिहार की राजनीति लंबे समय से व्यक्तित्व-केन्द्रित और गठबंधन-आधारित...
spot_imgspot_img