तीन अरब 86 करोड़ रुपये से ज्यादा का ऋण माफ हुआ
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: डीएम अनिल ढींगरा ने बताया कि प्रधानमन्त्री किसान सम्मान निधि योजना में जनपद में दो लाख से अधिक किसानों को लाभ दिया जा रहा है।
तीन लाख से अधिक किसानों के मृदा स्वास्थ्य कार्ड बनाये गये हैं। 55 हजार से अधिक किसानों के तीन अरब 86 करोड़ रुपये से अधिक के ऋण माफ किया गये हैं।
डीएम ने बताया कि समस्त कृषक परिवारों को प्रति वर्ष 6000 रुपये डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से प्रदान किये जा रहे हैं, यह धनराशि चार-चार माह के अन्तराल में दो-दो हजार रुपये की तीन समान किस्तों में प्रदान की जा रही है।
प्रारम्भ में यह योजना लघु एवं सीमान्त श्रेणी के कृषकों के लिए लागू की गई, वर्तमान में सभी श्रेणी के कृषकों के लिए योजना संचालित है। योजनान्तर्गत 2,08,504 कृषकों को लाभ दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि कृषकों के जीवन स्तर में सुधार के लिए लघु एवं सीमान्त कृषकों के एक लाख रुपये तक के ऋणों को उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा माफी प्रदान की गई है।
ऋण मोचन योजनान्तर्गत 55554 किसानों का तीन अरब 86 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण माफ किया गया है। उन्होंने बताया कि कृषकों को मशीनीकरण से जोड़कर खेती को आधुनिक बनाने एवं फसलों के अवशेषों को खेतों में न जलाकर उनको खेतों में ही दबाकर कम्पोस्ट के रूप में प्रयोग करने के उद्देश्य से चयनित कृषि यंत्रों पर योजनान्तर्गत अनुदान कृषकों को उपलब्ध कराया जा रहा है।
अनेकों किसानों को इस योजना का लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी कृषकों को प्रत्येक तीसरे वर्ष उनके जोत/खेत का मृदा स्वास्थ्य कार्ड उपलब्ध कराए जाने के लिए मृदा स्वास्थ्य कार्यक्रम का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया गया है।
2019-20 मे योजनान्तर्गत प्रत्येक विकास खंड से एक ग्राम का चयन मॉडल ग्राम के रूप मेंं किया गया है। योजनान्तर्गत 304758 कृषकों को मृदा स्वास्थ्य कार्डो का वितरण किया गया है।
उन्होंने बताया कि कृषकों को डीजल चालित पम्प सेट सिंचाई व्यवस्था से निजात दिलाने के लिए सोलर फोटोवोल्टिक सिचाई पम्प योजना संचालित है जिसके माध्यम से सिचाई की लागत में कमी आती है।

