- सड़कों पर घुमने वाली गाय से मिलेगा छुटकारा
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: काऊ सेंचुरी बनाने की कवायद मुजफ्फरनगर में चल रही हैं। इसके लिए सरकार ने धनराशि भी अवमुक्त कर दी हैं। इसका स्वरूप कैसा होगा? सड़कों पर घुमने वाली गाय से छुटकारा मिलेगा। अब मेरठ को भी मुजफ्फरनगर के बाद उम्मीद लगी है कि आखिर काऊ सेंचुरी मेरठ में भी स्थापित होनी चाहिए। क्योंकि आवारा पशुओं के सड़कों व जंगल में घुमने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा हैं।
आवारा गाय से सर्वाधिक किसान परेशानी में हैं। क्योंकि किसानों की फसलों का सबसे बड़ा नुकसान इन आवारा गाय से ही हो रहा हैं। चुनाव में ये मुद्दा उठता भी हैं, लेकिन इस बार इस समस्या का समाधान केन्द्रीय राज्यमंत्री डा. संजीव बालियान ने ढूढ निकाला हैं। केन्द्रीय राज्यमंत्री डा. संजीव बालियान ने मुजफ्फरनगर में काऊ सेंचुरी स्थापित कराने के लिए धनराशि भी अवमुक्त करा दी हैं, ताकि आवारा पशुओं से किसानों को छुटकारा मिल सकेगा।
इसका स्वरूप कैसा होगा? कितना बड़ा इलाका रहेगा, जिसमें आवारा पशुओं को छुट्टा छोड़ा जाएगा। आवारा पशुओं को सेंचुरी में चारे की भी दिक्कत नहीं होगी। इन तमाम बिन्दुओं को लेकर ही मुजफ्फरनगर में आवारा पशुओं को प्लान तैयार किया हैं, जिसके तहत ही काऊ सेंचुरी बनाई जाएगी। इसके लिए डा. संजीव बालियान ने बताया कि एक माह के भीतर इसमें बड़ा वर्क होने जा रहा हैं। इसमें कुछ लोगों ने अवरोध पैदा कर दिया था,
जिसके चलते काऊ सेंचुरी में विलंब हो गया हैं। ये सेंचुरी तो दो माह पहले बनकर तैयार हो गई होती। इसमें कुछ लोगों ने विरोध कर दिया था। भाकियू के लोग इसको मुद्दा बना रहे थे, वहीं इसका विरोध भी कर रहे हैं। भाकियू के एक नेता से डा. संजीव बालियान उसके घर जाकर मिले भी तथा कहा कि आवारा पशुओं की समस्या को दूर करने के लिए काऊ सेंचुरी बनाई जा रही हैं, जिसमें सभी को सहयोग देना चाहिए।

