- 14 सपाइयों पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं में दर्ज किए थे मुकदमे
- महिला प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष डॉ. सीमा यादव को पुलिस ने हिरासत में रखा था
मुख्य संवाददाता |
बागपत: पिछले दिनों धरना प्रदर्शन के दौरान सपाइयों पर दर्ज किए मुकदमों व महिला प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष डॉ. सीमा यादव को हिरासत में रखने के मामले को लेकर पूर्व सीएम एवं सपा मुखिया अखिलेश यादव ने भी गंभीरता से लिया और लखनऊ बुलाकर सपाइयों से मुलाकात की। अखिलेश यादव ने डॉ. सीमा यादव को भरोसा दिया कि पार्टी उनके साथ है। प्रशासनिक न्याय नहीं मिलने पर पार्टी हर संभव कदम उठाएगी।
14 दिसंबर को समाजवादी पार्टी ने भी किसान आंदोलन को समर्थन देकर कलक्ट्रेट पर धरना देने का समर्थन किया था। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार समाजवादी पार्टी पदाधिकारी व कार्यकर्ता जिलाध्यक्ष बिल्लू प्रधान के आवास पर एकत्र हुए थे। यहां पुलिस-प्रशासन ने सपाइयों को कलक्ट्रेट पहुंचने से रोक दिया था। जिसके बाद सपा नेता वहीं आवास के बाहर ही धरने पर बैठ गए थे।
सपाइयों की पुलिस के साथ खूब धक्का-मुक्की व नोकझोंक हुई थी। पुलिस ने पहले तो पांच सपाइयों पर शांति भंग में मुकदमा किया था। उसके बाद देर शाम 14 समाजवादियों पर वि•िान्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर दिया था। शांति भंग करने के मामले में उसी दिन देर शाम को एसडीएम कार्यालय से जमानत दे दी गई थी, लेकिन पुलिस ने महिला प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष डॉ. सीमा यादव को हिरासत में ले लिया था।
अगले दिन शाम तक ही जमानत हुई थी। पुलिस पर आरोप लगा था कि उन्हें अवैध रूप से हिरासत में रखा गया था और अगले दिन न्यायालय में सुबह पेश करने की बजाय दोपहर बाद पेश किया था। इसके अलावा सीमा ने आरोप लगाया था कि उनकी गाड़ी से सोने की अंगूठी, नगदी आदि सामान चोरी कर लिया है। इस प्रकरण को पार्टी हाईकमान ने भी गंभीरता से लिया था और पूर्व मुख्यमंत्री एवं सपा मुखिया अखिलेश यादव ने जिलाध्यक्ष बिल्लू प्रधान, महिला प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष डॉ. सीमा यादव को लखनऊ बुलाया था।
जिसके बाद सपाइयों ने लखनऊ पहुंचकर अखिलेश यादव से मुलाकात की। अखिलेश यादव ने पार्टी नेताओं से प्रकरण की पूर्ण जानकारी ली। जिस पर बिल्लू प्रधान व सीमा यादव ने विस्तार से जानकारी दी। डॉ. सीमा यादव द्वारा प्रकरण से संबंधित शिकायती पत्र की प्रतिलिपि भी अखिलेश यादव ने अपने पास रखी। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने डॉ. सीमा यादव को भरोसा दिया कि पार्टी पूरी तरह से उनके साथ है।
अवैध हिरासत में रखने के प्रकरण में प्रशासनिक न्याय न मिलने पर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का प्रतिनिधि मंडल लखनऊ से बागपत भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि न्याय के लिए हर संभव मदद की जाएगी। सपा मुखिया ने जिला संगठन द्वारा चलाए जा रहे कार्यक्रमों की भी प्रशंसा की। इस दौरान पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र चौधरी, दर्जा प्राप्त पूर्व मंत्री हाजी तराबुद्दीन, प्रबुद्ध प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष नगेंद्र सिंह भी साथ रहे।

