- नये सिरे से होगा चुनाव, गांधी आश्रम की सम्पत्ति की अवैध खरीद-फरोख्त को लेकर हुई कार्रवाई
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: गांधी आश्रम की बेशकीमती संपत्ति की अवैध खरीद-फरोख्त, अवैध नीलामी किए जाने तथा अनियमितताओं से घिरी गांधी आश्रम कमेटी पर आखिर डिप्टी रजिस्ट्रार चिट फंड सोसायटीज की गाज गिर ही गई। गांधी आश्रम समिति को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया गया हैं। नये सिरे से अब चुनाव होंगे। गांधी आश्रम के मामले में 14 जून 2022 को हजरतगंज कोतवाली लखनऊ में मुकदमा दर्ज कराया गया था।
निदेशक खादी और ग्रामोद्योग आयोग के मंडलीय कार्यालय ने इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए क्षेत्रीय श्री गांधी आश्रम के पदाधिकारियों की कार्यकारिणी को तत्काल प्रभाव कार्रवाई की हैं। यह कार्रवाई सोसायटी रजिस्ट्रेशन कि एक्ट 1807 की धारा 25 (2) के अंतर्गत निर्वाचन कराने की घोषणा की गई है। निर्वाचन के संबंध में अलग से निर्देश के जाएंगे। यह जानकारी डिप्टी रजिस्ट्रार वरुण खरे ने दी।
संस्था क्षेत्रीय श्री गांधी आश्रम सोसाइटी का सोमवार को पंजीकरण निरस्त कर दिया। यह निरस्तीकरण लोकेश खुराना निवासी सोहराब गेट की शिकायत पर किया गया है। उन्होंने शिकायत की थी कि संस्था के पदाधिकारी क्षेत्रीय श्री गांधी आश्रम मेरठ के 3160 वर्ग मीटर भूमि पर स्थापित कुमार आशीष कुमार आश्रम की भूमि जो संस्था को दान स्वरूप प्राप्त हुई है। उसको मौजूदा वास्तविक मूल्य से कम मूल्य का आकलन करा कर विक्रय करने का प्रयास कर रहे हैं।
खुराना की इस शिकायत के सिलसिले में तत्कालीन डिप्टी रजिस्ट्रार द्वारा अपने आदेश 8 जनवरी 2021 से संस्था के पदाधिकारी से शिकायत पर आख्या मांगते हुए सोसाइटी रजिस्ट्रेशन एक्ट 1807 की धारा 26 के अंतर्गत संपत्ति के वित्तीय को अग्रिम आदेशों तक स्थगित कर दिया गया था। इसी सिलसिले में खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग के मंडलीय कार्यालय मेरठ के निदेशक का पत्र हधोस्ताक्षरी के कार्यालय में 14 जनवरी 2021 को प्राप्त हुआ,
जिसमें गांधी आश्रम द्वारा अचल संपत्ति की किसी भी तरह नीलामी पर रोक लगा दी थी। जो संपत्ति आश्रम के नाम है, उनको भी आयोग के पक्ष में बंधक करने के लिए गांधी आश्रम बाध्य है। अत: मंत्री क्षेत्रीय श्री गांधी आश्रम मेरठ को यह भी निर्देशित किया जाए कि उक्त अचल संपत्ति आयोग की बिना अनुमति किसी भी स्थिति में विक्रिया नहीं की जा सकती।
मंडल एक आलेख निदेशक के उक्त पत्र के क्रम में तत्कालीन डिप्टी रजिस्ट्रार द्वारा अपने पत्र 30 जनवरी 2021 से यह अवगत कराया गया है कि 8 जनवरी 2021 के द्वारा सोसाइटी रजिस्ट्रेशन एक्ट की धारा 26 के अंतर्गत संपत्ति की बिक्री पर रोक लगाई जा चुकी है। लोक शिकायत रजिस्टर में की गई, जिसमें बताया गया कि एक्ट की धारा 26 के अंतर्गत रोक लगाए जाने के उपरांत संस्था के प्रबंधक पदाधिकारियों द्वारा नियम विरुद्ध आशियाना प्राइवेट लिमिटेड के साझेदार श्रीमती रेनू गुप्ता, पंकज गुप्ता के नाम कर दी गई है।
एक अन्य शिकायतें महेश चंद्र पंत सदस्य मंडल क्षेत्रीय श्री गांधी आश्रम मेरठ द्वारा भी कार्य में 30 सितंबर 2021 को प्राप्त कराई गई। उन्हें इसी क्रम में खादी ग्राम बोर्ड निदेशक द्वारा कार्रवाई की गई तथा गांधी आश्रम की सम्पत्ति परकब्जे के प्रयास को रोक दिया गया था।
गांधी आश्रम में चल रहे भ्रष्टाचार की शिकायत पर शासन स्तर से होगी कार्रवाई
मेरठ-हापुड़ लोकसभा सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से गांधी आश्रम में नीलामी में चल रहे व्यापक भ्रष्टाचार की भेजी गई शिकायत पर शासन से स्तर से कार्रवाई आरंभ हो गयी है। अनु सचिव ब्रजेश कुमार द्वारा राज्य निदेशक खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग इंदिरापुरम को भेजे गये पत्र में बताया गया है।
मेरठ-हापुड़ के सांसद राजेन्द्र अग्रवाल द्वारा गांधी आश्रम में नीलामी में हो रहे भ्रष्टाचार की जांच उच्च स्तरीय कराई जाए। जिस पर इस संबंध में उन्होंने निदेशक खादी एवं ग्रामद्योग को बताया है कि उत्तर प्रदेश गांधी स्मारक निधि, सोसाइटी रजिस्ट्रेशन एक्ट 1860 के अंतर्गत एक पंजीकृत संस्था है।
जो खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग भारत सरकार के नियंत्रण है। ऐसे में उनके स्तर पर इसकी जांच पड़ताल कर कार्रवाई की जाए। बता दें सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने इस संबंध में मुख्यमंत्री को गांधी आश्रम में हो रहे भ्रष्टाचार की शिकायत पत्रों के साथ करते हुए कार्रवाई की मांग की थी।

