- बंद रेलवे फाटक को खुलवाया, खून टपकता रहा, लेकिन हिम्मत नहीं हारी
- गोली मारने वाले का सुराग नहीं, परिजनों ने रंजिश से इंकार किया
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: आत्म विश्वास और साहस जिंदगी में अहम् रोल अदा करता है। परेशानी के वक्त हिम्मत हारने से कई मुश्किलें आसान हो जाती हैं। दवा कंपनी मैनकाइंड में काम करने वाले एक कर्मचारी को ड्यूटी से घर लौटते समय परतापुर थाना क्षेत्र के जुर्रानपुर फाटक से पहले किसी बदमाश ने गोली मार दी।
युवक ने हिम्मत नहीं हारी और रेलवे कर्मचारी से कह कर फाटक खुलवाया और बहते खून की परवाह न करते हुए बाइक चलाकर हापुड़ रोड पर संतोष अस्पताल गया और भर्ती हो गया। डाक्टरों ने युवक का आॅपरेशन किया और उसकी हालत ठीक बताई जा रही है।
शेरगढ़ी निवासी राजकुमार पुत्र राम प्रसाद परतापुर में मैनकाइंड फैक्ट्री में पैकिंग का काम करता है। शनिवार की शाम सात बजे के करीब वो आफिस से ड्यूटी करके बाइक से घर के लिये निकला था। जब वो जुर्रानपुर फाटक से पहले पहुंचा तो उसे लगा कि उसको कुछ बेचैनी हो रही है। उसने पीठ पर हाथ फेरा तो उसके हाथ में खून लग गया। राजकुमार को यकीन हो गया कि उसे किसी ने गोली मारी है।

उसने बगैर हिम्मत गंवाये रेलवे फाटक पर मौजूद कर्मचारी से कहा कि उसे किसी ने गोली मार दी है और उसे अस्पताल जाना है। इस पर कर्मचारी ने गेट खोल दिया। राजकुमार तेजी से बाइक चलाकर एल ब्लॉक तिराहे से आगे स्थित संतोष अस्पताल आया और अपनी बाइक खड़ी करके सीधे इमरजेंसी गया और बताया कि उसे किसी ने गोली मार दी है। आनन-फानन में राजकुमार को भर्ती किया गया और उसका आॅपरेशन किया गया। इस बीच राजकुमार ने अपने परिजनों को फोन करके जानकारी दे दी थी।
राजकुमार के परिचित दोस्त भी आ गए। गोली चलने की खबर लगते ही परतापुर और मेडिकल थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। एसपी सिटी पीयूष कुमार सिंह ने बताया कि राजकुमार को गोली पीठ पर लगने के बाद अंदर घुसी हुई है। राजकुमार को गोली लगने का पता नहीं चला था। जब खून निकलना शुरू हुआ तब उसे अहसास हुआ था। राजकुमार के घर वाले किसी भी तरह की रंजिश से इंकार कर रहे हैं। घायल राजकुमार के पिता ने अज्ञात लोगों के खिलाफ तहरीर दी है।
कुछ सवाल पुलिस के
राजकुमार के शरीर से 315 बोर की गोली निकली है। इस बोर की गोली चलने से तेज आवाज आती है। किसी ने आवाज नहीं सुनी है। राजकुमार की पत्नी ने पुलिस को बताया कि पति एस्सार के पंप से तेल भरवा कर निकले थे, लेकिन पंप की सीसीटीवी कैमरे में फोटो नहीं आई। खुद राजकुमार ने कहा कि वो तेल भरवाने नहीं गया था। पहले राजकुमार ने कहा उसे पता नहीं किसने गोली मारी, बाद में कहने लगा कि बाइक सवार दो बदमाशों ने पिस्टल से गोली मारी है। जबकि गोली 315 बोर की निकली है।
भाई से झगड़े के बाद खुद को मारी थी गोली
मेरठ: ब्रह्मपुरी थानांतर्गत इन्दिरापुरम निवासी गोली मारकर खुद की जान लेने की कोशिश करने वाले दिव्य शर्मा का आपरेशन होने के बाद हालत में सुधार बताया जा रहा है। फिलहाल वो खतरे से बाहर नहीं है। पुलिस का कहना है कि भाई से झगड़ा होने के बाद दिव्य ने खुद को गोली मारी थी।
ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र के इन्दिरा नगर के नंदी चौक पर रहने वाले अनु शर्मा की घर में परचून की दुकान है। अनु शर्मा के दो बेटे हैं। शुक्रवार को छोटा बेटा दिव्य शर्मा उर्फ गुल्लु किसी काम से बाहर गया हुआ था। रात साढ़े आठ बजे के करीब वो घर में आया और सीधे मकान के ऊपरी हिस्से में स्थित अपने कमरे में चला गया।
घर वालों ने किसी काम के लिये आवाज दी, लेकिन उसने कोई जबाव नहीं दिया। थोड़ी देर में परिवार के लोगों को गोली की आवाज सुनाई दी। घर वाले भाग कर ऊपर गए तो देखा कि दिव्य कमरे में लहूलुहान पड़ा हुआ था। परिजनों ने तहरीर नहीं दी है लेकिन पुलिस तमंचे को लेकर मुकदमा जरुर दर्ज करेगी।

