Monday, March 30, 2026
- Advertisement -

Corona Vaccine: अचानक मौतों के लिए कोरोना वैक्सीन जिम्मेदार नहीं, ICMR और एम्स का बड़ा खुलासा

जनवाणी ब्यूरो |

नई दिल्ली: भारत में हाल के वर्षों में युवाओं के बीच अचानक हो रही मौतों, खासकर दिल का दौरा पड़ने (Heart Attack) की घटनाओं को लेकर चिंताएं बढ़ रही थीं। लेकिन अब इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) और एम्स द्वारा किए गए एक संयुक्त अध्ययन में स्पष्ट किया गया है कि इन मौतों का कोरोना वैक्सीन से कोई संबंध नहीं है।

क्या कहता है अध्ययन?

ICMR और नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (NCDC) द्वारा 18 से 45 वर्ष की आयु के लोगों पर किए गए इस अध्ययन में उन मामलों की जांच की गई जो अक्टूबर 2021 से मार्च 2023 के बीच अचानक मौत का शिकार हुए थे। यह अध्ययन मई 2023 से अगस्त 2023 तक देश के 19 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 47 क्षेत्रीय अस्पतालों में किया गया।

अध्ययन का निष्कर्ष साफ है ?

कोरोना वैक्सीन और अचानक हो रही मौतों के बीच कोई प्रत्यक्ष संबंध नहीं पाया गया। शोध में यह भी सामने आया कि हार्ट अटैक जैसी घटनाओं में वृद्धि के पीछे कई अन्य कारक जिम्मेदार हो सकते हैं, जैसे:

जेनेटिक म्यूटेशन

कोविड संक्रमण के बाद की जटिलताएं

अस्वस्थ जीवनशैली, तनाव, और खराब खानपान

पहले से मौजूद स्वास्थ्य समस्याएं

कर्नाटक सीएम के बयान पर केंद्र का जवाब

हाल ही में कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने राज्य के हासन जिले में युवाओं की अचानक हुई मौतों के लिए कोरोना वैक्सीन को जिम्मेदार ठहराया था। उन्होंने दावा किया कि वैक्सीन को जल्दीबाजी में मंजूरी दी गई थी और यह अचानक मौतों का कारण हो सकती है।

हालांकि, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने उनके इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है। मंत्रालय ने कहा कि इस तरह के बिना आधार वाले दावे जनता में वैक्सीन के प्रति अविश्वास पैदा कर सकते हैं, जबकि कोरोना महामारी के दौरान वैक्सीन ने लाखों लोगों की जान बचाई।

एम्स का नया अध्ययन जारी

एम्स द्वारा भी एक अलग अध्ययन किया जा रहा है, जिसकी फंडिंग ICMR द्वारा की जा रही है। इस अध्ययन में जेनेटिक कारणों और हृदय संबंधित बीमारियों के आपसी संबंध की गहराई से जांच की जा रही है। यह रिपोर्ट फिलहाल प्रक्रियाधीन है और पूरी होते ही सार्वजनिक की जाएगी।

सरकार की अपील

स्वास्थ्य मंत्रालय ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी स्वास्थ्य समस्या को नजरअंदाज न करें। छाती में दर्द, सांस लेने में तकलीफ, या बेचैनी जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत अस्पताल जाएं।

बता दें कि, भारत में बढ़ रही अचानक मौतों की जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि कोरोना वैक्सीन सुरक्षित है और इसका इन घटनाओं से कोई सीधा संबंध नहीं है। सरकार ने लोगों से वैज्ञानिक तथ्यों पर भरोसा रखने और झूठी अफवाहों से बचने की अपील की है।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

Kerala Elections: पीएम मोदी ने केरल में किया शंखनाद, पलक्कड़ रैली के बाद त्रिशूर रोड शो की तैयारी

जनवाणी ब्यूरो | नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज, रविवार...

भविष्य की सुपरस्टार हैं आयशा खान

एक्ट्रेस आयशा खान ने साल 2025 में फिल्म 'जाट'...
spot_imgspot_img